शिक्षक दिवस पर गुरुजनों के सम्मान में सजा नवनीता कुंवर पब्लिक स्कूल, विद्यार्थियों ने दीं रंगारंग प्रस्तुतियां

सुसुवाही स्थित नवनीता कुँवर पब्लिक स्कूल परिसर में शिक्षक दिवस समारोह हर्षोल्लास और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने अपने शिक्षकों के प्रति सम्मान, कृतज्ञता और प्रेम प्रकट करते हुए गीत-संगीत, नाटक सहित विभिन्न सांस्कृतिक एवं मनोरंजक प्रस्तुतियां दीं। समारोह के दौरान विद्यालय के शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों को उपहार भेंट कर उनके योगदान के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
 

वाराणसी। सुसुवाही स्थित नवनीता कुंवर पब्लिक स्कूल परिसर में शिक्षक दिवस समारोह हर्षोल्लास और गरिमामय वातावरण में मनाया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने अपने शिक्षकों के प्रति सम्मान, कृतज्ञता और प्रेम प्रकट करते हुए गीत-संगीत, नाटक सहित विभिन्न सांस्कृतिक एवं मनोरंजक प्रस्तुतियां दीं। समारोह के दौरान विद्यालय के शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों को उपहार भेंट कर उनके योगदान के प्रति आभार व्यक्त किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि एवं विद्यालय के प्रबंधक राजेश कुमार राय, उपाध्यक्ष प्रवीण राय, प्रधानाचार्य डॉ. दिवाकर राय तथा वरिष्ठ एवं कनिष्ठ समन्वयकों ने दीप प्रज्वलन और मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण कर किया। इसके बाद मां सरस्वती की वंदना के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शुरुआत हुई। छात्रा वैष्णवी ने गुरु वंदना प्रस्तुत कर शिक्षकों के प्रति श्रद्धा और सम्मान की भावना व्यक्त की।

विद्यार्थियों ने गीत, संगीत और नाटक के माध्यम से शिक्षकों के प्रति अपनी भावनाएं प्रकट कीं। बच्चों की मनमोहक प्रस्तुतियों ने समारोह में मौजूद अतिथियों, शिक्षकों और कर्मचारियों का मन मोह लिया। प्रस्तुतियों के दौरान विद्यालय परिसर में उत्साह और उमंग का माहौल बना रहा। समारोह में शिक्षक धर्मराज पटेल और शिक्षिका यश सिंह ने अपने शिक्षण अनुभव साझा किए। उन्होंने शिक्षक-विद्यार्थी संबंध, शिक्षा के महत्व और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में शिक्षकों की भूमिका पर विचार रखे। उन्होंने कहा कि शिक्षक केवल पाठ्यक्रम पूरा कराने वाला नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व और भविष्य को दिशा देने वाला मार्गदर्शक होता है।

कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण विद्यालय के सभी शैक्षणिक एवं गैर-शैक्षणिक कर्मचारियों का सम्मान रहा। विद्यालय प्रबंधन समिति के पदाधिकारियों और मुख्य अतिथि ने कर्मचारियों को उपहार भेंट कर उनके योगदान की सराहना की। मुख्य अतिथि राजेश कुमार राय ने कहा कि “शिक्षक सिर्फ एक पद नहीं, बल्कि एक बड़ी जिम्मेदारी है।” उन्होंने पूर्व राष्ट्रपति एवं महान शिक्षाविद् डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जीवन और विचारों को शिक्षकों के लिए प्रेरणास्रोत बताया। उन्होंने कहा कि शिक्षक समाज की मुख्य नींव हैं। शिक्षक जागरूक, कर्तव्यनिष्ठ और कर्मठ होंगे तो समाज शिक्षित, संस्कारित और सभ्य बनेगा।

शिक्षक-शिक्षिकाओं के लिए विभिन्न मनोरंजक खेल गतिविधियां भी आयोजित की गईं, जिसमें शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। अंत में कनिष्ठ समन्वयक असीम कुमार घोषाल ने अतिथियों, विद्यालय प्रबंधन, शिक्षक-शिक्षिकाओं, कर्मचारियों और विद्यार्थियों के प्रति आभार जताते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया। समारोह सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।