स्वामी विवेकानंद के प्रवास स्थल को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने की मांग, एलटी कॉलेज में मनाई गई जयंती

एलटी कॉलेज परिसर में स्वामी विवेकानंद की जयंती के अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। आयोजकों के अनुसार यही वह ऐतिहासिक स्थल है, जहां स्वामी विवेकानंद जी ने अपने महाप्रयाण से पूर्व एक माह से अधिक समय व्यतीत किया था। उस समय यह स्थान तत्कालीन गोपाल लाल लीला के नाम से जाना जाता था, जो वर्तमान में आईटी कॉलेज के रूप में स्थापित है। आयोजकों ने उक्त स्थल को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने की मांग की। 
 

वाराणसी। एलटी कॉलेज परिसर में स्वामी विवेकानंद की जयंती के अवसर पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। आयोजकों के अनुसार यही वह ऐतिहासिक स्थल है, जहां स्वामी विवेकानंद जी ने अपने महाप्रयाण से पूर्व एक माह से अधिक समय व्यतीत किया था। उस समय यह स्थान तत्कालीन गोपाल लाल लीला के नाम से जाना जाता था, जो वर्तमान में आईटी कॉलेज के रूप में स्थापित है। आयोजकों ने उक्त स्थल को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने की मांग की। 

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सेंट्रल बार के अध्यक्ष प्रेम प्रकाश गौतम तथा आईटी कॉलेज के प्राचार्य अखिलेश पांडे रहे। विशिष्ट अतिथि के रूप में जिला विद्यालय निरीक्षक भोलेंद्र प्रताप सिंह एवं बनारस बार के वरिष्ठ उपाध्यक्ष शशांक शेखर त्रिपाठी उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

वक्ताओं ने केंद्र सरकार से इस स्थल को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने, इसके संरक्षण एवं सौंदर्यीकरण की दिशा में ठोस पहल करने की मांग की। वक्ताओं ने कहा कि स्वामी विवेकानंद प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के प्रेरणास्रोत रहे हैं, ऐसे में उनके प्रवास स्थल को काशी के प्रमुख दर्शनीय स्थलों में शामिल किया जाना चाहिए। इस उद्देश्य को लेकर हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी जन्मोत्सव मनाया गया और शासन से जनभावनाओं के अनुरूप बड़ा निर्णय लेने की प्रार्थना की गई, जिससे काशी के सांस्कृतिक वैभव में और वृद्धि हो सके।

रामकृष्ण मिशन कौड़िया अस्पताल की ओर से सैकड़ों गरीब एवं बेसहारा लोगों को कंबल वितरित किए गए। संत अतुलानंद के मेधावी बच्चों ने राष्ट्रगीत, राष्ट्रगान एवं देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति देकर उपस्थित जनसमूह को भाव-विभोर कर दिया। कार्यक्रम में विशेष रूप से मुंबई से आए घोष बाबू ने अपने प्रेरक विचारों से लोगों को स्वामी विवेकानंद के आदर्शों को अपनाने का संदेश दिया।

कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अधिवक्ता, व्यापारी समाज के लोग एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। आयोजन को सफल बनाने में संयोजक विनोद पांडे, रणजीत राय एडवोकेट, नित्यानंद राय, सजीवन यादव, रवि वर्णवाल, धीरेंद्र श्रीवास्तव, अश्वनी राय, जितेंद्र यादव, उदयनाथ शर्मा, मनीष सिंह, अंजनी सिंह, विपुल पाठक, राजीव सिंह, गौतम झा एवं संगीत पत्रकार अनूप चौबे की महत्वपूर्ण भूमिका रही। धन्यवाद ज्ञापन राकेश गुप्ता ने किया, जबकि कार्यक्रम का संचालन मनोज दुबे ने किया।