शिवप्रसाद गुप्त मंडलीय अस्पताल को सुपर स्पेशियिलिटी हॉस्पिटल के रूप में विकसित करेगी योगी सरकार
315.48 करोड़ से 500 बेड के मल्टी सुपर स्पेशियिलिटी चिकित्सालय का होगा निर्माण
पूर्वांचल के मरीजों को एक ही छत के नीचे मिलेगीजांच, उपचार और आपातकालीन चिकित्सा सुविधाएं
बिहार,छत्तीसगढ़,मध्य प्रदेश, झारखंड के भी लाखों मरीजों को बेहतर एवं सस्ती स्वास्थ्य सेवाएं सुलभ होंगी
ट्विन टावर के 8 मंजिल टावर में अस्पताल और 14 मंजिल के दूसरे टावर में होगी आवासीय सुविधा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 28 अप्रैल को वाराणसी के प्रस्तावित दौरे में हो सकता है शिलान्यास
वाराणसी। योगी सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत कर रही है। इसी क्रम में सरकार कबीरचौरा स्थित शिवप्रसाद गुप्त मंडलीय अस्पताल को सुपर स्पेशियिलिटी हॉस्पिटल के रूप में विकसित करेगी। ये अस्पताल वर्तमान में 318 बेड का है,जिसका ध्वस्तीकरण करते हुए लगभग ₹315.48 करोड़ की लागत से 500 बेड के मल्टी सुपर स्पेशियिलिटी चिकित्सालय का निर्माण प्रस्तावित है। इस सुपर स्पेशियलिटी हॉस्पिटल बनने के बाद पूर्वांचल के मरीजों को एक ही छत के नीचे जांच, उपचार और आपातकालीन चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी, जिससे बीएचयू स्थित अस्पताल समेत अन्य अस्पतालों पर मरीजों का दबाव कम होगा। इससे पूर्वांचल के लाखों मरीजों समेत आसपास के प्रान्त बिहार, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, झारखंड के भी लाखों मरीजों को बेहतर एवं सस्ती स्वास्थ्य सेवाएं सुलभ होंगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 28 अप्रैल के प्रस्तावित दौरे में इसका शिलान्यास संभावित है।
ट्विन टावर का होगा निर्माण
मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ बृजेश कुमार ने बताया कि चिकित्सालय के भवन निर्माण में दो टावर होगा। चिकित्सालय की बिल्डिंग में भूतल प्लस 8 मंजिल के साथ 2 दो बेसमेंट होंगे। दूसरी जी प्लस 14 मंजिल की बिल्डिंग आवासीय होगी। बेसमेंट की पार्किंग में कुल 600 फोर व्हीलर और टू व्हीलर रखे जा सकेंगे। पार्किंग में नई टेक्नोलॉजी का प्रयोग किया जायेगा, जो सीमित जगह में वर्टिकल लिफ्टों का उपयोग करके एक के ऊपर एक, कई कारों को पार्क किया जा सकेगा। इस तकनीक से हाइड्रोलिक या मैकेनिकल लिफ्ट से गाड़ियों को ऊपर-नीचे किया जाता है, जिससे 1 कार की जगह में 2-3 कारें पार्क की जा सकती हैं।
चिकित्सालय में उपलब्ध सुविधाएं व विशेषताएं
प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक ने बताया कि आधुनिक चिकित्सालय में सीएसएसडी अर्थात सेंट्रल स्टरलाइज्ड सप्लाई डिपार्टमेंट जिससे चिकित्सकीय सामान को स्टरलाइज्ड करते हुए वितरित किया जाएगा। चिकित्सालय में ओपीडी, आईपीडी, प्राइवेट वार्ड, प्रिजनर वार्ड, मोर्चरी, आइसोलेशन वार्ड, पैलेटिव केयर वार्ड, लॉन्ड्री, किचन, कैफेटेरिया, पैथोलॉजी, माइक्रोबायोलॉजी, बायोकेमिस्ट्री, ब्लड बैंक, स्किल्ड लैब, सर्जरी, मेडिसिन, पीडियाट्रिक्स, ऑर्थो का ओपीडी/वार्ड रहेगा। फिजियोथेरेपी, फैमिली मेडिसिन, पीएसी, डेंटल, आयुष, जिरियाट्रिक मेडिसिन, न्यूट्रिशन, एनसीडी क्लीनिक, मानसिक रोग, डरमेटोलाजी ओपीडी की रहेगी। रजिस्ट्रेशन, बिलिंग काउंटर, फार्मेसी, पेशेंट वेटिंग एरिया रहेगा।
चिकित्सकीय सुविधा के लिए अन्य वार्ड
बर्न वार्ड 14 बेड
डे केयर 15 बेड
डायलिसिस 20 बेड
एनआरसी पोषण पुनर्वास केंद्र 30 बेड
ऑपरेशन थिएटर 4
इमरजेंसी ओटी 1
आई सी यू 47 बेड का
चिकित्सालय में उपलब्ध होने वाली सुपर स्पेशियिलिटीलिटी सुविधाएं
सुपर स्पेशियिलिटी में कार्डियोलॉजी विद कैथ लैब, एंजियोग्राफी एंजियोप्लास्टी, गैस्ट्रोलॉजी, यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, प्लास्टिक सर्जरी, न्यूरो सर्जरी, न्यूरोलॉजी, ऑंकोलॉजी, नियोनेटोलॉजी
चिकित्सालय में उपलब्ध होने वाली अन्य महत्वपूर्ण सुविधाएं
मैनिफोल्ड, एलएमओ लिक्विड मेडिकल गैस , ईटीपी, एसटीपी, 24 घंटे पावर ब्रेक बैकअप रहेगा। अल्ट्रासाउंड और डिजिटल एक्स-रे सीटी स्कैन एमआरआई मैमोग्राफी, एफएनएसी आदि सुविधाएं इसमें रहेगी। विशेष सुविधा 2 डी ईको, एमआरआई।