वाराणसी के पांच इलाकों में 9.26 करोड़ से बनेंगे वेंडिंग जोन, पटरी व्यापारियों को मिलेगा व्यवस्थित ठिकाना, जाम से मिलेगी राहत 

शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए पांच स्थानों पर 9.26 करोड़ रुपये की लागत से वेंडिंग जोन विकसित किए जाएंगे। इससे पटरी व्यवसायियों को व्यवस्थित ढंग से कारोबार करने का स्थान मिलेगा। साथ ही सड़कों पर लगने वाले जाम से आम लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।
 

वाराणसी। शहर में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए पांच स्थानों पर 9.26 करोड़ रुपये की लागत से वेंडिंग जोन विकसित किए जाएंगे। इससे पटरी व्यवसायियों को व्यवस्थित ढंग से कारोबार करने का स्थान मिलेगा। साथ ही सड़कों पर लगने वाले जाम से आम लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है।

इस परियोजना का उद्देश्य शहर में सड़क किनारे कारोबार करने वाले लोगों को एक व्यवस्थित, सुरक्षित और सुविधाजनक स्थान उपलब्ध कराना है। इससे यातायात व्यवस्था सुचारु होगी और शहर की सुंदरता भी बढ़ेगी। वेंडिंग जोन में दुकानदारों को बुनियादी सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जाएंगी।

दुर्गाकुंड क्षेत्र में सबसे अधिक खर्च
योजना के तहत सबसे अधिक बजट दुर्गाकुंड क्षेत्र के लिए निर्धारित किया गया है। यहां वेंडिंग जोन के निर्माण पर 2.97 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इसके अलावा दशाश्वमेध क्षेत्र में 2.37 करोड़ रुपये और नरिया में 2.38 करोड़ रुपये की लागत से वेंडिंग जोन विकसित किए जाएंगे।

शहर के प्रमुख व्यावसायिक केंद्र कबीरचौरा के लिए 91.62 लाख रुपये तथा लहुराबीर क्षेत्र के लिए 61.85 लाख रुपये का बजट निर्धारित किया गया है। इन पांचों स्थानों पर परियोजना पूरी होने के बाद सड़क किनारे बेतरतीब ढंग से दुकानें लगाने की समस्या कम होने की उम्मीद है।

कारोबारियों और पर्यटकों को मिलेगी राहत
वेंडिंग जोन विकसित होने से व्यस्त मार्गों पर ठेले-खोमचे और फुटपाथ पर दुकानें लगाने के कारण होने वाली यातायात बाधा कम होगी। इससे स्थानीय निवासियों के साथ पर्यटकों को भी आवागमन में सुविधा मिलेगी। आधुनिक वेंडिंग जोन में दुकानदारों के लिए व्यवस्थित स्थान, पेयजल और प्रकाश व्यवस्था जैसी बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है। अधिकारियों का मानना है कि इस पहल से पटरी व्यवसायियों को सम्मानजनक तरीके से कारोबार करने का अवसर मिलेगा। साथ ही शहर की स्वच्छता, सुंदरता और यातायात व्यवस्था में सुधार होगा।