वाराणसी : सलारपुर में बारात घर की जमीन पर बिजली सबस्टेशन योजना का विरोध, ग्रामीणों ने आंदोलन की दी चेतावनी
वाराणसी। जिले के सलारपुर क्षेत्र (वार्ड नंबर 5) में बारात घर के लिए निर्धारित जमीन पर बिजली घर (सबस्टेशन) बनाए जाने की योजना को लेकर स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश फैल गया है। मंगलवार को बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने एकजुट होकर इस प्रस्ताव का विरोध किया। ग्रामीणों ने प्रस्ताव वापस न लिए जाने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी।
ग्रामीणों के अनुसार, वर्ष 2000 में तत्कालीन ग्राम प्रधान द्वारा इस जमीन को मलीन बस्ती के गरीब परिवारों के लिए बारात घर (कम्युनिटी हॉल) निर्माण हेतु आवंटित किया गया था। इतना ही नहीं, इस जमीन पर बाउंड्री वॉल का निर्माण भी कराया जा चुका है। ऐसे में अब उसी भूमि पर बिजली घर बनाए जाने की योजना से लोगों में नाराजगी बढ़ गई है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि घनी आबादी के बीच बिजली सबस्टेशन बनाना सुरक्षा की दृष्टि से बेहद खतरनाक हो सकता है। उनका तर्क है कि किसी भी तकनीकी खराबी या दुर्घटना की स्थिति में पूरे इलाके के लोगों की जान-माल को खतरा हो सकता है। ग्रामीणों ने यह भी कहा कि नियमों के अनुसार ऐसे प्रोजेक्ट आबादी से दूर स्थापित किए जाने चाहिए।
ग्रामीणों ने बारात घर की आवश्यकता पर जोर देते हुए कहा कि यह सुविधा गरीब परिवारों के लिए बेहद जरूरी है। यहां वे कम खर्च में शादी-विवाह और अन्य सामाजिक कार्यक्रम संपन्न कर सकते हैं। यदि इस जमीन का उपयोग किसी अन्य परियोजना के लिए किया गया, तो बस्ती के लोगों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ेगा।
प्रदर्शन कर रहे लोगों ने पार्षद पर यह भी आरोप लगाया कि वे पूर्व ग्राम प्रधान के खिलाफ गलत बयान देकर उनकी छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि उन्हें पहले ही बारात घर निर्माण का आश्वासन दिया जा चुका है, लेकिन अब फैसले को बदल दिया गया है।
ग्रामीणों ने प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि उनकी मांगों की अनदेखी कर जबरन निर्माण कार्य शुरू किया गया, तो वे सलारपुर पोखरे पर धरना-प्रदर्शन और अनशन करेंगे। उन्होंने प्रशासन से इस निर्णय पर पुनर्विचार करने और बस्ती के हितों को प्राथमिकता देने की मांग की है।