वाराणसी : सिंधिया घाट पर नाव संचालन को लेकर बवाल, पुलिस ने छह नाव चालकों को किया गिरफ्तार

सिंधिया घाट पर नाव खड़ी करने और पर्यटकों को बैठाने को लेकर हुए विवाद के बाद चौक थाना पुलिस ने छह नाव चालकों को गिरफ्तार कर शांति भंग की आशंका में कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार सभी आरोपित घाट पर आपस में विवाद और हंगामा कर रहे थे, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया था।
 

वाराणसी। सिंधिया घाट पर नाव खड़ी करने और पर्यटकों को बैठाने को लेकर हुए विवाद के बाद चौक थाना पुलिस ने छह नाव चालकों को गिरफ्तार कर शांति भंग की आशंका में कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार सभी आरोपित घाट पर आपस में विवाद और हंगामा कर रहे थे, जिससे वहां अफरा-तफरी का माहौल बन गया था।

पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी के निर्देश पर अपराध एवं अपराधियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। पुलिस उपायुक्त जोन काशी, अपर पुलिस उपायुक्त तथा सहायक पुलिस आयुक्त दशाश्वमेध के निर्देशन में प्रभारी निरीक्षक चौक दिलीप कुमार मिश्रा की टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया।

28 मई की शाम करीब 6:30 बजे उपनिरीक्षक अभिषेक कुमार त्रिपाठी पुलिस टीम के साथ सिंधिया घाट क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान सूचना मिली कि घाट के नीचे कुछ नाव चालक आपस में कहासुनी और विवाद कर रहे हैं। मौके पर पहुंची पुलिस ने देखा कि नाव लगाने और पर्यटकों को बैठाने को लेकर कई नाव चालक आपस में उलझे हुए हैं।

पुलिस ने सभी को समझाने का प्रयास किया, लेकिन वे शांत नहीं हुए और जोर-जोर से शोर मचाते हुए झगड़े पर आमादा हो गए। पुलिस के मुताबिक सिंधिया घाट मुख्य रूप से अंतिम संस्कार में आने वाले लोगों के स्नान के लिए निर्धारित स्थल है, जहां नाव लगाना और पर्यटकों को बैठाना प्रतिबंधित है। इसके बावजूद कुछ नाव चालक जबरन घाट पर नाव लगाकर पर्यटकों को बैठाते हैं, जिससे दुर्घटना की आशंका बनी रहती है।

स्थिति को देखते हुए पुलिस ने विक्की राजभर, धीरज निषाद, अमन साहनी, चंदन निषाद, करन साहनी और पवन को गिरफ्तार कर लिया। सभी आरोपितों के खिलाफ धारा 170/126/135 बीएनएसएस के तहत कार्रवाई करते हुए न्यायालय भेजा गया। पुलिस ने बताया कि गिरफ्तारी के दौरान उच्चतम न्यायालय और राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के दिशा-निर्देशों का पालन किया गया तथा परिजनों को भी सूचना दी गई। कार्रवाई करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक दिलीप कुमार मिश्रा, उपनिरीक्षक अभिषेक कुमार त्रिपाठी और कांस्टेबल आशीष पांडेय शामिल रहे।