वाराणसी : अधिकारी करेंगे घाटों की सफाई की निगरानी, तीन दिन में देनी होगी प्रगति रिपोर्ट, लापरवाही पर होगी कार्रवाई 

गंगा का जलस्तर घटने के बाद घाटों पर जमा सिल्ट (गाद) की सफाई के लिए नगर निगम ने अभियान तेज करने की तैयारी की है। आदिकेशव घाट से लेकर रविदास घाट और रामघाट तक गंगा के सभी 85 घाटों को अलग-अलग जोन और क्लस्टर में बांटकर अधिकारियों की तैनाती की गई है। नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने सफाई कार्य की नियमित निगरानी के लिए पर्यवेक्षणीय और नोडल अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपते हुए निर्धारित समय में काम पूरा कराने के निर्देश दिए हैं।
 

बाढ़ उतरते ही गंगा घाटों की सफाई तेज,  नगर निगम ने घाटों की सफाई की निगरानी के लिए तैनात किए अफसर 

सीढ़ियों और प्लेटफॉर्म से गाद हटाकर तत्काल करना होगा निस्तारण, अधिकारियों को रोजाना जियोटैग फोटो साझा करने की जिम्मेदारी

वाराणसी। गंगा का जलस्तर घटने के बाद घाटों पर जमा सिल्ट (गाद) की सफाई के लिए नगर निगम ने अभियान तेज करने की तैयारी की है। आदिकेशव घाट से लेकर रविदास घाट और रामघाट तक गंगा के सभी 85 घाटों को अलग-अलग जोन और क्लस्टर में बांटकर अधिकारियों की तैनाती की गई है। नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने सफाई कार्य की नियमित निगरानी के लिए पर्यवेक्षणीय और नोडल अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपते हुए निर्धारित समय में काम पूरा कराने के निर्देश दिए हैं।

नगर आयुक्त ने कहा है कि सभी संबंधित अधिकारी अपने आवंटित घाटों का स्थलीय निरीक्षण करें और तीन दिनों के भीतर सफाई कार्य की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करें। पर्यवेक्षणीय अधिकारियों को प्रतिदिन घाटों का निरीक्षण कर ‘ऑफिसर्स ग्रुप’ में जियोटैग फोटो साझा करनी होगी, ताकि सफाई कार्य की वास्तविक स्थिति की निगरानी की जा सके।

सीढ़ियों और प्लेटफॉर्म से पूरी तरह हटेगी गाद
नगर निगम की कार्ययोजना के तहत घाटों की सीढ़ियों और प्लेटफॉर्म पर जमा सिल्ट को पूरी तरह साफ कराया जाएगा। अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि सफाई के दौरान निकाली गई गाद को घाटों पर इकट्ठा करके न छोड़ा जाए, बल्कि तत्काल उठाकर निर्धारित स्थलों पर उसका निस्तारण कराया जाए। इससे श्रद्धालुओं, पर्यटकों और स्थानीय लोगों को घाटों पर आवागमन में परेशानी नहीं होगी।

तीन दिन में देनी होगी रिपोर्ट
नगर आयुक्त ने नोडल अधिकारियों को तीन दिनों के भीतर सफाई कार्य की प्रगति, शेष काम और आवश्यक सुधारों के संबंध में रिपोर्ट देने को कहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सफाई व्यवस्था में किसी भी तरह की शिथिलता या लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारी और कर्मचारी के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी।

इन अधिकारियों को सौंपी गई जिम्मेदारी
घाटों की सफाई और निगरानी के लिए अपर नगर आयुक्त दुर्गेश कुमार मिश्रा, विनोद कुमार गुप्ता और पवन कुमार गुप्ता, सहायक नगर आयुक्त अनिल यादव, जोनल अधिकारी इंद्र विजय, मनोज कुमार सिंह और मृत्युंजय नारायण मिश्रा, प्रभारी नगर स्वास्थ्य अधिकारी संदीप भार्गव, जोनल स्वच्छता अधिकारी क्षितिज मिश्रा और राजीव कुमार तथा संयुक्त नगर आयुक्त कृष्णचंद्र को अलग-अलग घाटों का प्रभार सौंपा गया है।