वाराणसी : कोडीनयुक्त कफ सिरप मामले में पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 17 आरोपियों पर लगाया गैंगस्टर 

कोडीनयुक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार के खिलाफ वाराणसी पुलिस ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए 17 आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार, इस संगठित गिरोह का सरगना दिवेश जायसवाल है, जो फर्जी फार्मा कंपनियों के नाम पर लाइसेंस हासिल कर अवैध रूप से कोडीन युक्त कफ सिरप के कारोबार का संचालन करता था।
 

वाराणसी। कोडीनयुक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार के खिलाफ वाराणसी पुलिस ने एक बार फिर बड़ी कार्रवाई करते हुए 17 आरोपियों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार, इस संगठित गिरोह का सरगना दिवेश जायसवाल है, जो फर्जी फार्मा कंपनियों के नाम पर लाइसेंस हासिल कर अवैध रूप से कोडीन युक्त कफ सिरप के कारोबार का संचालन करता था।

एसीपी कोतवाली ने बताया कि जांच में सामने आया है कि गिरोह ने फर्जी फार्मा कंपनियों के नाम पर लाइसेंस लेकर करोड़ों रुपये के अवैध कारोबार को अंजाम दिया। आरोप है कि इन फर्जी फर्मों के माध्यम से कोडीन युक्त कफ सिरप की खरीद-फरोख्त की जाती थी। पुलिस के मुताबिक, दिवेश जायसवाल कई अवैध फर्मों का संचालन कर इस पूरे नेटवर्क को संचालित कर रहा था।

उन्होंने बताया कि गैंगस्टर की कार्रवाई जिन 17 आरोपियों पर की गई है, वे सभी इस मामले में पहले से गिरफ्तार हैं। जांच के दौरान गिरोह के नेटवर्क, वित्तीय लेन-देन और अवैध कारोबार के विभिन्न पहलुओं की पड़ताल की गई, जिसके बाद संगठित अपराध के तहत गैंगस्टर एक्ट की कार्रवाई की गई।

पुलिस के अनुसार, कोडीन युक्त कफ सिरप के अवैध कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत अब तक 42 आरोपियों पर विभिन्न धाराओं में कार्रवाई की जा चुकी है। पुलिस का कहना है कि गिरोह से जुड़े अन्य व्यक्तियों और आर्थिक गतिविधियों की भी जांच जारी है।

पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मादक एवं प्रतिबंधित दवाओं के अवैध कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। मामले में आगे भी साक्ष्यों के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।