वाराणसी : बिजली विभाग की खोदाई में गेल की गैस पाइपलाइन कटी, 20 से अधिक घरों में ठप रही आपूर्ति
वाराणसी। नगवा क्षेत्र के शिवप्रसाद गुप्त लेन और आसपास के इलाकों में सोमवार सुबह बिजली विभाग की ओर से कराई जा रही खोदाई के दौरान गेल की भूमिगत गैस पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई। पाइपलाइन कटने के बाद गैस का तेज रिसाव शुरू हो गया, जिससे क्षेत्र में गैस आपूर्ति बाधित हो गई। सुबह के समय आपूर्ति बंद होने से 20 से अधिक घरों में चूल्हे नहीं जल सके। लोगों को मजबूरी में होटल और रेस्टोरेंट से खाना मंगाकर काम चलाना पड़ा।
स्थानीय लोगों के अनुसार, इलाके में पिछले तीन दिनों से बिजली के तारों को भूमिगत करने का कार्य चल रहा था। सोमवार सुबह इसी कार्य के लिए की जा रही खोदाई के दौरान जमीन के नीचे बिछी गेल की पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हो गई। पाइपलाइन टूटते ही गैस का रिसाव होने लगा। इससे आसपास के लोगों में भी चिंता बढ़ गई। सूचना मिलने के बाद संबंधित विभागों की टीम मौके पर पहुंची और मरम्मत का काम शुरू कराया गया।
नगवा निवासी प्रो. अनूप मिश्रा ने बताया कि बिजली विभाग और गेल गैस प्रशासन के बीच समुचित समन्वय का अभाव इस घटना का कारण बना। उनका कहना है कि किसी भी क्षेत्र में खोदाई शुरू करने से पहले वहां मौजूद भूमिगत गैस, पानी, सीवर और अन्य उपयोगिता लाइनों की जानकारी होना जरूरी है। यदि पहले से पाइपलाइन की लोकेशन की जानकारी ली जाती तो नुकसान से बचा जा सकता था।
घटना के बाद स्थानीय नागरिकों में नाराजगी भी देखने को मिली। क्षेत्र निवासी अशोक शुक्ला, पीके ओझा समेत अन्य लोगों ने बताया कि पाइपलाइन क्षतिग्रस्त होने के बाद सुबह से ही संबंधित अधिकारियों को फोन कर जानकारी दी गई। इसके बावजूद दोपहर करीब तीन बजे तक गैस आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। लंबे समय तक गैस बंद रहने से सबसे ज्यादा परेशानी घरों में खाना बनाने को लेकर हुई।
स्थानीय लोगों ने मांग की कि शहर में भूमिगत विद्युत लाइन बिछाने समेत किसी भी विकास कार्य के दौरान बिजली विभाग, गैस कंपनी और अन्य संबंधित विभागों के बीच बेहतर तालमेल बनाया जाए। साथ ही खोदाई से पहले भूमिगत पाइपलाइनों और केबलों की लोकेशन की जानकारी लेकर ही काम कराया जाए, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
गेल सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन के चीफ मैनेजर प्रवीण गौतम ने बताया कि बिजली निगम की ओर से कराए जा रहे कार्य के दौरान गेल की पाइपलाइन क्षतिग्रस्त हुई थी। सूचना मिलने के बाद टीम ने मौके पर पहुंचकर मरम्मत का कार्य कराया। देर शाम तक पाइपलाइन को दुरुस्त कर गैस आपूर्ति दोबारा शुरू कर दी गई।