वाराणसी : हाईवे किनारे खड़े वाहनों के चालकों के मोबाइल करते थे चोरी, 14 फोन और 48,100 रुपये के साथ दो गिरफ्तार

सारनाथ पुलिस ने चोरी के मोबाइल फोन की खरीद-फरोख्त करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से विभिन्न कंपनियों के 14 एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 48,100 रुपये नकद बरामद किए। दोनों आरोपियों को बुधवार देर रात हृदयपुर अंडरपास के पास से पकड़ा गया। मामले में बीएनएस की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।
 

वाराणसी। सारनाथ पुलिस ने चोरी के मोबाइल फोन की खरीद-फरोख्त करने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने उनके कब्जे से विभिन्न कंपनियों के 14 एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 48,100 रुपये नकद बरामद किए। दोनों आरोपियों को बुधवार देर रात हृदयपुर अंडरपास के पास से पकड़ा गया। मामले में बीएनएस की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है।

पुलिस के अनुसार, 15 सितंबर की रात थाना सारनाथ की टीम ‘ऑपरेशन चक्रव्यूह’ के तहत सथवा चौराहे पर वाहन चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि हृदयपुर अंडरपास के पास कुछ लोग चोरी के मोबाइल की खरीद-फरोख्त के लिए एकत्र हुए हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और दो लोगों को पकड़ लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान किशन राजभर निवासी बेनीपुर, सारनाथ और अविनाश दीक्षित निवासी अशोक बिहार कॉलोनी, सारनाथ के रूप में हुई।

चंदौली हाईवे पर बनाते थे निशाना
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में किशन राजभर ने बताया कि वह चंदौली हाईवे के किनारे खड़े भारी वाहनों के चालकों के पास से मोबाइल फोन चोरी करता था। इसके बाद चोरी के मोबाइल अविनाश दीक्षित को कम कीमत पर बेच देता था। पुलिस के अनुसार, किशन चोरी किए गए मोबाइल बेचने के लिए हृदयपुर अंडरपास पहुंचा था, जहां दबिश देकर दोनों को पकड़ लिया गया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से विभिन्न कंपनियों के 14 एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 48,100 रुपये नकद बरामद किए हैं। बरामद मोबाइल फोन के संबंध में पुलिस की ओर से आगे जांच की जा रही है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, किशन राजभर के खिलाफ सारनाथ थाने में वर्ष 2020 और 2022 में भी मुकदमे दर्ज हैं। वहीं अविनाश दीक्षित के खिलाफ इसी मामले में मुकदमा दर्ज है। कार्रवाई थानाध्यक्ष पंकज कुमार त्रिपाठी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने की।