शिवपुर में गूंजा वंदेमातरम, अन्नपूर्णा ऋषिकुल के बटुकों ने निकाली तिरंगा यात्रा

आजादी के 80वें वर्ष की पूर्व संध्या पर शुक्रवार को शिवपुर स्थित अन्नपूर्णा ऋषिकुल के बटुकों ने तिरंगा यात्रा निकालकर देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का संदेश दिया। सुबह सात बजे शुरू हुई यात्रा में बटुकों और आचार्यों ने हाथों में राष्ट्रीय ध्वज लेकर ‘वंदेमातरम’ और ‘भारत माता की जय’ के उद्घोष किए। इस दौरान क्षेत्रवासियों को करीब 500 राष्ट्रीय ध्वज वितरित किए गए और हर घर तिरंगा फहराने का आह्वान किया गया।
 

वाराणसी। आजादी के 80वें वर्ष की पूर्व संध्या पर शुक्रवार को शिवपुर स्थित अन्नपूर्णा ऋषिकुल के बटुकों ने तिरंगा यात्रा निकालकर देशभक्ति और राष्ट्रीय एकता का संदेश दिया। सुबह सात बजे शुरू हुई यात्रा में बटुकों और आचार्यों ने हाथों में राष्ट्रीय ध्वज लेकर ‘वंदेमातरम’ और ‘भारत माता की जय’ के उद्घोष किए। इस दौरान क्षेत्रवासियों को करीब 500 राष्ट्रीय ध्वज वितरित किए गए और हर घर तिरंगा फहराने का आह्वान किया गया।

यात्रा का शुभारंभ दक्षिणी विधानसभा क्षेत्र के विधायक डॉ. नीलकंठ तिवारी ने किया। उन्होंने भारत माता के स्वरूप में सजे बटुक की आरती उतारी और अन्नपूर्णा ऋषिकुल परिसर से तिरंगा यात्रा को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यात्रा शिवपुर बाजार से होते हुए संत अन्तुलानंद चौराहा पहुंची। यहां बटुकों और आचार्यों ने देश की एकता, अखंडता और सेवा के प्रति संकल्प लिया।

इसके बाद तिरंगा यात्रा बाबतपुर बाईपास के रास्ते आगे बढ़ी और वापस शिवपुर स्थित आश्रम पहुंची। पूरे मार्ग में बटुकों ने अनुशासन के साथ राष्ट्रीय ध्वज लेकर देशभक्ति के नारे लगाए। यात्रा को देखने के लिए बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी मौजूद रहे। आश्रम पहुंचने के बाद राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया।

इस अवसर पर अन्नपूर्णा मंदिर के महंत शंकरपुरी ने कहा कि ‘हर घर तिरंगा’ अभियान केवल घरों पर राष्ट्रीय ध्वज फहराने का कार्यक्रम नहीं, बल्कि राष्ट्रीय गौरव, एकता और अखंडता की भावना को मजबूत करने का माध्यम है। उन्होंने कहा कि देश सबसे पहले है और धर्म, जाति व अन्य मतभेदों से ऊपर उठकर प्रत्येक नागरिक को राष्ट्रहित को प्राथमिकता देनी चाहिए।

कार्यक्रम में संयुक्त शिक्षा निदेशक दिनेश सिंह, संस्कृत पाठशाला के निरीक्षक परमानंद सिंह और प्रदीप श्रीवास्तव सहित ऋषिकुल के शिक्षक एवं विद्यालय परिवार के सदस्य मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन अन्नपूर्णा ऋषिकुल के प्राचार्य आशुतोष मिश्र ने किया।