चितईपुर मार्ग पर मुसीबत का सफर : हल्की बारिश में जलभराव, गहरे गड्ढों से हर कदम पर हादसे का खतरा
वाराणसी। चितईपुर मार्ग की बदहाल स्थिति एक बार फिर राहगीरों के लिए मुसीबत का सबब बन रही है। मामूली बारिश के बाद ही सड़क पर हुए जलभराव और जगह-जगह बने गहरे गड्ढों ने आम लोगों की परेशानी कई गुना बढ़ा दी है। सड़क पर भरे पानी के कारण गड्ढों का अनुमान लगाना मुश्किल हो जाता है, जिससे आए दिन वाहन चालक दुर्घटनाओं का शिकार हो रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क निर्माण में गुणवत्ता की कमी और जल निकासी की समुचित व्यवस्था न होने के कारण हर वर्ष बरसात के मौसम में यही हालात बन जाते हैं।
रोहनिया विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाला यह प्रमुख मार्ग आसपास के कई गांवों और शहर को जोड़ता है। प्रतिदिन हजारों लोग इसी रास्ते से आवागमन करते हैं, लेकिन इन दिनों यह सड़क लोगों के लिए सुविधा नहीं बल्कि परेशानी का कारण बन गई है। सड़क पर कई स्थानों पर तीन से चार फीट तक गहरे गड्ढे बन चुके हैं। बारिश के बाद इनमें पानी भर जाने से उनकी गहराई दिखाई नहीं देती, जिससे दोपहिया वाहन चालक सबसे अधिक प्रभावित हो रहे हैं। कई वाहन गड्ढों में फंस चुके हैं, जबकि कुछ लोग गिरकर चोटिल भी हुए हैं।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि सड़क निर्माण के दौरान जल निकासी व्यवस्था की अनदेखी की गई। सड़क के दोनों ओर पर्याप्त नालियां नहीं बनाई गईं, जिसके कारण बारिश का पानी सड़क पर ही जमा हो जाता है। लगातार जलभराव के चलते सड़क की ऊपरी परत उखड़ने लगती है और कुछ ही समय में सड़क फिर से जर्जर हो जाती है। लोगों का कहना है कि इस मार्ग का निर्माण पिछले वर्ष ही कराया गया था, लेकिन एक वर्ष के भीतर ही इसकी हालत खराब हो जाना निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
क्षेत्रवासियों के अनुसार बरसात के दिनों में कई स्थानों पर घुटनों तक पानी भर जाता है, जिससे पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को सबसे अधिक दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। रात के समय जलभराव के कारण गड्ढे दिखाई नहीं देते, जिससे दुर्घटना की आशंका और बढ़ जाती है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस महत्वपूर्ण मार्ग की बदहाल स्थिति विकास कार्यों की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है। नागरिकों ने संबंधित विभाग से सड़क निर्माण की गुणवत्ता की जांच कराने, जिम्मेदार एजेंसी के विरुद्ध कार्रवाई करने तथा स्थायी जल निकासी व्यवस्था विकसित करने की मांग की है। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो भविष्य में कोई बड़ा हादसा हो सकता है। क्षेत्रवासी अब केवल आश्वासनों से संतुष्ट नहीं हैं, बल्कि टिकाऊ और गुणवत्तापूर्ण सड़क निर्माण के साथ स्थायी समाधान की मांग कर रहे हैं।