बारिश में लबालब नहीं होगी बनारस की गलियां, दुरूस्त होंगे सभी गलीपीट, महापौर ने दिए निर्देश
वाराणसी। मानसून के दौरान जलभराव की समस्या से शहरवासियों को राहत दिलाने के उद्देश्य से नगर निगम ने जल निकासी व्यवस्था को सुदृढ़ करने की दिशा में कदम तेज कर दिए हैं। इसी क्रम में मंगलवार को महापौर अशोक कुमार तिवारी ने सिगरा स्थित फल मंडी रोड पर मुख्यमंत्री ग्रीन रोड्स इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट स्कीम (सीएम ग्रिड्स) के तहत चल रहे निर्माण कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अधिकारियों को शहर के सभी गलीपीटों को तत्काल दुरुस्त कराने के निर्देश दिए, ताकि बरसात के दौरान जलभराव की स्थिति उत्पन्न न हो और नागरिकों को आवागमन में परेशानी का सामना न करना पड़े।
निरीक्षण के दौरान महापौर ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों तथा कार्यदायी संस्था को तय समयसीमा के भीतर सभी कार्य पूरे करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि विकास कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा और निर्माण कार्य निर्धारित मानकों के अनुरूप ही पूरे किए जाएं।
नगर निगम के अनुसार, मुख्यमंत्री ग्रिड्स योजना के तहत सिगरा फल मंडी सड़क के सुदृढ़ीकरण पर लगभग 11.61 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। योजना के अंतर्गत तिलक मूर्ति से भारत सेवाश्रम तक लगभग 610 मीटर लंबे मार्ग का व्यापक विकास किया जा रहा है। इसमें आधुनिक जल निकासी प्रणाली, फुटपाथ निर्माण और अत्याधुनिक स्ट्रीट लाइटें स्थापित की जा रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि परियोजना पूरी होने के बाद स्थानीय नागरिकों, व्यापारियों और राहगीरों को बेहतर यातायात सुविधा के साथ जलभराव की समस्या से भी राहत मिलेगी।
महापौर अशोक कुमार तिवारी ने कहा कि नगर निगम का उद्देश्य शहर के प्रत्येक क्षेत्र को स्वच्छ, सुंदर और आधुनिक सुविधाओं से युक्त बनाना है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि मानसून के दौरान जल निकासी व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए और जहां भी गलीपीट या नालियों में किसी प्रकार की बाधा हो, उसे तत्काल दूर किया जाए।
उन्होंने कहा कि नगर निगम काशीवासियों को बेहतर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। सभी विकास परियोजनाओं को तय समयसीमा के भीतर पूरा कर जनता को समर्पित किया जाएगा और कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी।