बीएचयू में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग, छात्रों ने परिसर में फायर प्वाइंट बनाने का उठाया मुद्दा
वाराणसी। बीएचयू छात्रों ने विश्वविद्यालय परिसर में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने की मांग करते हुए कुलसचिव को ज्ञापन सौंपा। छात्रों का कहना है कि देश के सबसे बड़े आवासीय विश्वविद्यालयों में शामिल बीएचयू का परिसर अत्यंत विस्तृत है, लेकिन विभिन्न स्थानों पर समुचित फायर प्वाइंट और त्वरित अग्निशमन सुविधाओं का अभाव सुरक्षा की दृष्टि से चिंता का विषय है।
छात्र प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व छात्रनेता योगी प्रवीण राय ने किया। उन्होंने अन्य छात्रों के साथ विश्वविद्यालय प्रशासन से मुलाकात कर परिसर के प्रमुख स्थानों पर आधुनिक फायर प्वाइंट स्थापित करने की मांग रखी। छात्रों ने कहा कि बीएचयू में हजारों छात्र-छात्राएं, शिक्षक, कर्मचारी और उनके परिवार निवास करते हैं। इसके अलावा सर सुंदरलाल अस्पताल और ट्रॉमा सेंटर सहित विभिन्न संस्थानों में प्रतिदिन बड़ी संख्या में मरीज, तीमारदार और बाहरी लोग भी आते-जाते हैं। ऐसे में किसी भी आपात स्थिति या आग लगने की घटना से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए मजबूत अग्नि सुरक्षा तंत्र आवश्यक है।
ज्ञापन में छात्रों ने उल्लेख किया कि विश्वविद्यालय परिसर में छात्रावास, शैक्षणिक भवन, प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय, प्रशासनिक कार्यालय और चिकित्सा संस्थान अलग-अलग क्षेत्रों में फैले हुए हैं। यदि किसी स्थान पर आग लगने जैसी अप्रत्याशित घटना होती है, तो बाहरी फायर ब्रिगेड के पहुंचने में समय लग सकता है। ऐसी स्थिति में परिसर के विभिन्न हिस्सों में स्थापित फायर प्वाइंट प्रारंभिक स्तर पर आग पर नियंत्रण पाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं, जिससे जान-माल के नुकसान को कम किया जा सके।
छात्रों ने सुझाव दिया कि विश्वविद्यालय के प्रमुख चौराहों, सभी छात्रावासों, अस्पताल क्षेत्र, शैक्षणिक संकायों, पुस्तकालयों और अधिक भीड़भाड़ वाले स्थानों पर फायर हाइड्रेंट, अग्निशमन यंत्र, पानी की आपूर्ति व्यवस्था और अन्य आधुनिक सुरक्षा संसाधन उपलब्ध कराए जाएं। इसके साथ ही नियमित अंतराल पर मॉक ड्रिल आयोजित कर छात्रों, कर्मचारियों और सुरक्षा कर्मियों को अग्निशमन एवं आपदा प्रबंधन का व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाए।
छात्रनेता योगी प्रवीण राय ने कहा कि यह मांग केवल किसी एक विभाग या छात्रावास की नहीं, बल्कि पूरे विश्वविद्यालय समुदाय की सुरक्षा से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है। उन्होंने विश्वविद्यालय प्रशासन से भविष्य की संभावित आपात परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए उच्च स्तरीय अग्नि सुरक्षा व्यवस्था विकसित करने की अपील की। छात्रों ने उम्मीद जताई कि प्रशासन उनकी मांग पर गंभीरता से विचार करेगा और परिसर में फायर प्वाइंट स्थापित करने सहित आवश्यक सुरक्षा उपायों को शीघ्र लागू करेगा।