बारिश ने बिगाड़ी शहर की रोशनी, 1275 स्ट्रीट लाइटें बंदपार्षदों की शिकायतों के बावजूद मरम्मत में देरी

लगातार हो रही बारिश का असर शहर की स्ट्रीट लाइट व्यवस्था पर भी पड़ा है। वाराणसी नगर निगम के 100 वार्डों में करीब 1275 स्ट्रीट लाइटें बंद होने की जानकारी सामने आई है। बारिश के बाद शाम होते ही शहर के कई प्रमुख और संपर्क मार्ग अंधेरे में डूब जा रहे हैं। नगर निगम के आलोक विभाग में प्रतिदिन विभिन्न वार्डों से करीब 10 से 15 शिकायतें पहुंच रही हैं। इनमें एलईडी खराब होने, कंट्रोल बॉक्स में पानी भरने और पोल व विद्युत उपकरणों में तकनीकी खराबी की शिकायतें प्रमुख हैं।
 

वाराणसी। लगातार हो रही बारिश का असर शहर की स्ट्रीट लाइट व्यवस्था पर भी पड़ा है। वाराणसी नगर निगम के 100 वार्डों में करीब 1275 स्ट्रीट लाइटें बंद होने की जानकारी सामने आई है। बारिश के बाद शाम होते ही शहर के कई प्रमुख और संपर्क मार्ग अंधेरे में डूब जा रहे हैं। नगर निगम के आलोक विभाग में प्रतिदिन विभिन्न वार्डों से करीब 10 से 15 शिकायतें पहुंच रही हैं। इनमें एलईडी खराब होने, कंट्रोल बॉक्स में पानी भरने और पोल व विद्युत उपकरणों में तकनीकी खराबी की शिकायतें प्रमुख हैं।


सबसे अधिक चिंता की स्थिति सावन के महीने में है। कांवड़ियों और श्रद्धालुओं की बड़ी संख्या में आवाजाही के बीच प्रमुख मार्गों पर पर्याप्त रोशनी नहीं होने से हादसे का खतरा बढ़ गया है। अंधेरे में सड़क के गड्ढे, जलभराव और अन्य अवरोध स्पष्ट नहीं दिखाई देने से दोपहिया वाहन चालकों और पैदल राहगीरों को परेशानी उठानी पड़ रही है।

कई इलाकों में खराब हैं लाइटें
चांदपुर, बौलिया, लहरतारा, राजातालाब से मोड़ैला, औद्योगिक आस्थान, माताकुंड, लल्लापुरा, काजीपुरा, जवाहर नगर, आर्य समाज मंदिर, शेख सलीम फाटक, कालीमहाल, कालीमहाल फाटक, करौंदी से बाईपास-हैदराबाद गेट, बघवा नाला, गीता नगर कॉलोनी और हुकुलगंज सहित कई इलाकों से स्ट्रीट लाइट खराब होने की शिकायतें सामने आई हैं। कुछ स्थानों पर पूरी लाइन बंद है, जबकि कहीं-कहीं एक-दो पोल खराब होने से सड़क का बड़ा हिस्सा अंधेरे में है।


कहीं एलईडी फ्यूज, कहीं कंट्रोल बॉक्स में पानी
बारिश के दौरान कई जगह एलईडी खराब होने के साथ कंट्रोल बॉक्स में पानी भरने से लाइटें बंद हो गई हैं। लगातार नमी के कारण पुराने पोल और विद्युत उपकरण भी प्रभावित हो रहे हैं। पार्षदों का कहना है कि कई लाइटें लंबे समय से खराब हैं और शिकायत दर्ज कराने के बाद भी उनका समय से समाधान नहीं हो पा रहा है।


हेरिटेज लाइटों की मरम्मत भी चुनौती
शहर के कई हिस्सों में लगे पुराने हेरिटेज पोल भी समस्या बढ़ा रहे हैं। इनमें इस्तेमाल होने वाले कुछ उपकरण आसानी से उपलब्ध नहीं होने के कारण मरम्मत में समय लग रहा है। कई मामलों में उपकरण बदलने की जरूरत पड़ रही है।


नगर निगम का दावा, लगातार हो रही मॉनिटरिंग
नगर निगम के अपर नगर आयुक्त विनोद कुमार गुप्ता ने बताया कि खराब स्ट्रीट लाइटों की लगातार मॉनिटरिंग कर मरम्मत कराई जा रही है। पार्षदों की ओर से मिलने वाली शिकायतों का भी समाधान कराया जा रहा है।


हालांकि, बड़ी संख्या में लाइटें बंद होने और लगातार शिकायतें मिलने से व्यवस्था की प्रभावशीलता पर सवाल उठ रहे हैं। सावन और कांवड़ यात्रा के दौरान भीड़भाड़ वाले मार्गों पर सुरक्षा के लिहाज से बंद स्ट्रीट लाइटों की तत्काल मरम्मत जरूरी है, ताकि रात में राहगीरों और वाहन चालकों को अंधेरे के कारण किसी परेशानी या हादसे का सामना न करना पड़े।