बारिश के बाद सुहाना हुआ मौसम, काशी के घाट गुलजार, प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने पहुंचे सैलानी 

शुक्रवार भोर में हुई बारिश के बाद काशी का मौसम पूरी तरह सुहाना हो गया। तेज गर्मी और उमस से बेहाल लोगों को राहत मिली तो शहर के घाटों पर रौनक बढ़ गई। सुबह से ही आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रही और भगवान भास्कर की धूप भी नरम दिखाई दी। मौसम के खुशनुमा होते ही शहरवासी परिवार और दोस्तों के साथ गंगा घाटों की ओर निकल पड़े। घाटों पर ठंडी हवाओं और प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने वालों की भारी भीड़ देखने को मिली।
 

वाराणसी। शुक्रवार भोर में हुई बारिश के बाद काशी का मौसम पूरी तरह सुहाना हो गया। तेज गर्मी और उमस से बेहाल लोगों को राहत मिली तो शहर के घाटों पर रौनक बढ़ गई। सुबह से ही आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रही और भगवान भास्कर की धूप भी नरम दिखाई दी। मौसम के खुशनुमा होते ही शहरवासी परिवार और दोस्तों के साथ गंगा घाटों की ओर निकल पड़े। घाटों पर ठंडी हवाओं और प्राकृतिक सौंदर्य का आनंद लेने वालों की भारी भीड़ देखने को मिली।

अस्सी घाट, दशाश्वमेध घाट, नमो घाट और राजघाट सहित शहर के प्रमुख घाटों पर सुबह से ही चहल-पहल बढ़ गई। गंगा किनारे लोग टहलते, बैठकर बातचीत करते और मौसम का आनंद लेते नजर आए। कई परिवार बच्चों के साथ घाटों पर पहुंचे, जबकि युवाओं में भी खास उत्साह देखने को मिला। घाटों पर श्रद्धालुओं, पर्यटकों और स्थानीय लोगों की आवाजाही सामान्य दिनों की तुलना में अधिक दिखाई दी।

भोर में हुई बारिश के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से राहत मिली। मौसम विभाग की पूर्व भविष्यवाणी शुक्रवार को सही साबित हुई। इससे पहले ही मौसम विभाग ने शुक्रवार और शनिवार को आंधी और बारिश की संभावना जताई थी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय के भू-भौतिकी विभाग के प्रसिद्ध मौसम वैज्ञानिक प्रोफेसर मनोज कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ और बंगाल की खाड़ी से आ रही नमी के कारण पूर्वांचल के मौसम में बदलाव देखने को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि आगामी दो से तीन दिनों तक बादलों की आवाजाही बनी रहेगी तथा कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश के साथ तेज हवाएं और आंधी चलने की संभावना है।

प्रो. श्रीवास्तव ने बताया कि बारिश के कारण दिन के तापमान में कमी आएगी और लोगों को गर्मी से राहत मिलती रहेगी। हालांकि उन्होंने लोगों को खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने की सलाह भी दी है। बारिश के बाद घाटों की बढ़ी रौनक ने काशी के लोगों के चेहरे पर मुस्कान ला दी। गंगा किनारे बह रही ठंडी हवाओं और बदले मौसम ने शहर के वातावरण को पूरी तरह खुशनुमा बना दिया है। मौसम के इस बदले मिजाज का असर घाटों की बढ़ती चहल-पहल में साफ देखने को मिला।