ऑनलाइन संस्कृत प्रशिक्षण केंद्र के डिप्लोमा कोर्स में नामांकन तिथि बढ़ी, ज्योतिष और कुंडली विज्ञान की होगी पढ़ाई
वाराणसी। सम्पूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय में संचालित ऑनलाइन संस्कृत प्रशिक्षण केंद्र के वार्षिक रोजगारपरक डिप्लोमा पाठ्यक्रमों में नामांकन की अंतिम तिथि बढ़ाकर 31 जनवरी कर दी गई है। पहले यह तिथि 15 जनवरी निर्धारित थी। यह जानकारी ऑनलाइन संस्कृत प्रशिक्षण केंद्र के निदेशक प्रो. रमेश प्रसाद ने दी।
निदेशक ने बताया कि केंद्र में नामांकन, प्रवेश, कक्षा संचालन, परीक्षा और मूल्यांकन सहित सभी प्रक्रियाएं पूर्णतः ऑनलाइन माध्यम से संपन्न की जाएंगी। यह केंद्र उत्तर प्रदेश शासन के उच्च शिक्षा विभाग के वित्तीय सहयोग से संचालित किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य संस्कृत आधारित ज्ञान को आधुनिक तकनीक के माध्यम से अधिक से अधिक विद्यार्थियों तक पहुंचाना और उन्हें रोजगारोन्मुख बनाना है।
ऑनलाइन संस्कृत प्रशिक्षण केंद्र के अंतर्गत वार्षिक डिप्लोमा पाठ्यक्रमों में ज्योतिष एवं कुंडली विज्ञान, वास्तु विज्ञान, वेद, कर्मकांड, अर्चक, भाषा शिक्षण (संस्कृत संभाषण), व्याकरण, योग, दर्शन, वेदांत तथा पालि भाषा जैसे विषय शामिल हैं। ये सभी पाठ्यक्रम पारंपरिक ज्ञान के साथ-साथ व्यावहारिक उपयोग और स्वरोजगार की संभावनाओं को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं।
प्रो. रमेश प्रसाद ने बताया कि वर्ष 2023 से संचालित इस केंद्र के माध्यम से अब तक देश-विदेश के 3000 से अधिक विद्यार्थी लाभान्वित हो चुके हैं। ऑनलाइन माध्यम होने के कारण दूर-दराज और विदेशों में रहने वाले संस्कृत प्रेमियों को भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिल रहा है। वार्षिक डिप्लोमा पाठ्यक्रम का सम्पूर्ण शुल्क मात्र 2000 रुपये निर्धारित किया गया है, जिससे अधिकाधिक विद्यार्थी इस योजना से जुड़ सकें।
ऑनलाइन संस्कृत प्रशिक्षण केंद्र की आधिकारिक वेबसाइट https://ssvvostc.ac.in/ पर नामांकन से संबंधित सभी जानकारी उपलब्ध है। प्रवेश एवं पाठ्यक्रम संबंधी किसी भी जानकारी के लिए अभ्यर्थी मोबाइल नंबर 7991833155 पर संपर्क कर सकते हैं। विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि यह पहल संस्कृत भाषा और भारतीय ज्ञान परंपरा के संरक्षण, संवर्धन और रोजगार से जोड़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।