हनुमान जयंती पर ढोल-नगाड़े के साथ निकलेगी भव्य शोभायात्रा, तैयार हो रही ध्वजा, हजारों श्रद्धालु होंगे शामिल
वाराणसी। हनुमान जयंती के पावन अवसर पर काशी में इस वर्ष भक्ति और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। शहर के साथ-साथ ग्रामीण अंचलों में भी इस पर्व को धूमधाम से मनाने की व्यापक तैयारियां की जा रही हैं। विभिन्न सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के तत्वावधान में भव्य शोभायात्रा, सुंदरकांड पाठ, भजन-कीर्तन और प्रसाद वितरण जैसे कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है।
कार्यक्रम के संयोजक रामबली मौर्या ने बताया कि हनुमान जयंती के दिन एक विशाल शोभायात्रा निकाली जाएगी, जिसमें सैकड़ों नहीं बल्कि हजारों श्रद्धालु, युवा और महिलाएं भाग लेंगी। शोभायात्रा में भगवान श्रीराम, माता सीता और हनुमान जी की आकर्षक झांकियां विशेष रूप से सजाई जाएंगी। ढोल-नगाड़ों, बैंड-बाजों और जयकारों के बीच यात्रा का माहौल पूरी तरह भक्तिमय रहेगा।
उन्होंने जानकारी दी कि शोभायात्रा का शुभारंभ विधिवत पूजा-अर्चना और आरती के साथ भिखारीपुर से किया जाएगा। यह यात्रा सुन्दरपुर, नरिया, लंका गेट और रविदास गेट जैसे प्रमुख मार्गों से होते हुए प्रसिद्ध संकट मोचन मंदिर पहुंचेगी, जहां इसका समापन होगा। यात्रा के दौरान मार्ग में कई स्थानों पर श्रद्धालुओं के लिए शीतल जल, फलाहार और प्रसाद वितरण की व्यवस्था की जाएगी, ताकि किसी को असुविधा न हो।
हनुमान जयंती के अवसर पर काशी के प्रमुख मंदिरों को आकर्षक रूप से सजाया जाएगा। सुबह से ही मंदिरों में सुंदरकांड पाठ, सामूहिक हनुमान चालीसा पाठ और भजन-कीर्तन का आयोजन होगा, जिससे पूरा वातावरण भक्तिरस में डूबा रहेगा। आयोजकों का कहना है कि इस दिन लाखों की संख्या में श्रद्धालु भगवान हनुमान के दर्शन-पूजन के लिए पहुंच सकते हैं।
कार्यक्रम को शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए प्रशासन और पुलिस विभाग के साथ समन्वय स्थापित किया गया है। सुरक्षा, यातायात नियंत्रण और भीड़ प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। अंत में संयोजक रामबली मौर्या ने शहरवासियों और श्रद्धालुओं से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस आयोजन में भाग लेकर भगवान हनुमान जी का आशीर्वाद प्राप्त करें और आपसी प्रेम, सद्भाव एवं धार्मिक एकता का संदेश फैलाएं।