कई पुलिसकर्मियों की हत्या में वांछित था कुख्यात नक्सली कमांडर बजेश गंझू, बनाया था अपना अलग नक्सील गुट 

कई पुलिसकर्मियों की हत्या के मामलों में वांछित प्रतिबंधित नक्सली संगठन तृतीय प्रस्तुति कमेटी (टीपीसी) का कमांडर बृजेश गंझू उर्फ गोपाल सिंह भोक्ता वाराणसी के रामनगर में एटीएस के साथ मुठभेड़ में मारा गया। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश के अनुसार, वह कई पुलिसकर्मियों की हत्या के मामले में वांछित था। बृजेश गंझू पर झारखंड सरकार ने 25 लाख और राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने पांच लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। इस तरह उस पर कुल 30 लाख रुपये का इनाम था। उसने नक्सली संगठन भाकपा माओवादी से बगावत कर अपना अलग संगठन बनाया था। 
 

झारखंड में आतंक का पर्याय बने टीपीसी कमांडर पर था 30 लाख रुपये का इनाम

झारखंड सरकार ने 25 लाख और एनआईए ने घोषित किया था 5 लाख का इनाम

वाराणसी। कई पुलिसकर्मियों की हत्या के मामलों में वांछित प्रतिबंधित नक्सली संगठन तृतीय प्रस्तुति कमेटी (टीपीसी) का कमांडर बृजेश गंझू उर्फ गोपाल सिंह भोक्ता वाराणसी के रामनगर में एटीएस के साथ मुठभेड़ में मारा गया। एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश के अनुसार, वह कई पुलिसकर्मियों की हत्या के मामले में वांछित था। बृजेश गंझू पर झारखंड सरकार ने 25 लाख और राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने पांच लाख रुपये का इनाम घोषित किया था। इस तरह उस पर कुल 30 लाख रुपये का इनाम था। उसने नक्सली संगठन भाकपा माओवादी से बगावत कर अपना अलग संगठन बनाया था। 

पुलिसकर्मियों की हत्या के मामलों में था वांछित
पुलिस के मुताबिक, बृजेश गंझू टीपीसी का सक्रिय कमांडर था और कई पुलिसकर्मियों की हत्या के मामलों में वांछित चल रहा था। उसके खिलाफ दर्ज मामलों और आपराधिक गतिविधियों को लेकर सुरक्षा एजेंसियां लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थीं।

रामनगर में एटीएस की टीम ने संदिग्ध मोटरसाइकिल सवारों को रोकने का प्रयास किया था। पुलिस के अनुसार, इसी दौरान बृजेश ने टीम पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में उसे गोली लगी। उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।

एडीजी अमिताभ यश ने मुठभेड़ के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि मारे गए व्यक्ति की पहचान बृजेश गंझू उर्फ गोपाल सिंह भोक्ता के रूप में हुई है। पुलिस अब उसके साथ मौजूद दूसरे व्यक्ति की तलाश कर रही है। साथ ही वाराणसी आने के उद्देश्य और स्थानीय संपर्कों की भी जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि झारखंड पुलिस से संपर्क कर कुख्यात नक्सली कमांडर के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।