नवरात्र में मांस बिक्री पर नगर निगम का शिकंजा, सप्तसागर में दुकानदार पर 5 हजार का जुर्माना
वाराणसी। नवरात्र के दौरान श्रद्धालुओं की आस्था और धार्मिक भावनाओं को ध्यान में रखते हुए नगर निगम ने मांस, मछली और मुर्गे की बिक्री के खिलाफ सख्ती बढ़ा दी है। निगम के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद चोरी-छिपे मांस बेचने वालों पर कार्रवाई शुरू कर दी गई है। मंगलवार को शहर में चलाए गए विशेष जांच अभियान के दौरान सप्तसागर क्षेत्र में एक मांस की दुकान खुली मिलने पर नगर निगम की टीम ने दुकानदार का पांच हजार रुपये का चालान काटा। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि प्रतिबंध का उल्लंघन करने वाले दुकानदारों के खिलाफ आगे भी कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।
नगर निगम कार्यकारिणी के निर्देश पर नवरात्र के मद्देनजर शहर की सभी मांस, मछली और मुर्गे की दुकानों को 26 अक्टूबर तक बंद रखने का आदेश जारी किया गया है। नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल के निर्देश पर सभी जोनों में विशेष टीमें गठित कर सघन निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। इसका उद्देश्य प्रतिबंध का प्रभावी अनुपालन सुनिश्चित करना और नियमों की अनदेखी करने वालों पर कार्रवाई करना है।
पशु चिकित्सा एवं कल्याण अधिकारी डॉ. विजय अमृतराज ने बताया कि मंगलवार को नगर निगम की टीमों ने विभिन्न क्षेत्रों में दुकानों की जांच की। अधिकांश इलाकों में दुकानें बंद मिलीं, जबकि सप्तसागर में एक दुकान प्रतिबंध के बावजूद खुली पाई गई। टीम ने मौके पर ही पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया। उन्होंने कहा कि पूरे नवरात्र अभियान लगातार जारी रहेगा। नियमों के उल्लंघन पर दुकानदारों के साथ ही ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
मंदिरों और काशी विश्वनाथ धाम के आसपास भी प्रतिबंध
नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि शासकीय नियमों और सदन के प्रस्ताव के तहत किसी भी मंदिर के 500 मीटर के दायरे में तथा श्री काशी विश्वनाथ धाम के दो किलोमीटर के क्षेत्र में मांस की बिक्री, उपयोग और पशुवध पर प्रतिबंध प्रभावी रहेगा। संबंधित क्षेत्रों में नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए निगरानी भी की जा रही है।
एयर शो के मद्देनजर मांस बिक्री और पतंगबाजी पर रोक
दूसरी ओर, काशी में आयोजित होने वाले ऐतिहासिक एरियल डिस्प्ले-2026 को देखते हुए नगर निगम ने सुरक्षा के लिहाज से अतिरिक्त प्रतिबंध लागू किए हैं। नमो घाट के 20 से 30 किलोमीटर के दायरे में 19 से 26 अक्टूबर तक मांस-मछली की बिक्री और कटिंग पर रोक लगाई गई है। इसका उद्देश्य मांस के अवशेषों के कारण पक्षियों की गतिविधियों को नियंत्रित करना और लड़ाकू विमानों की उड़ान के दौरान बर्ड-हिट जैसी दुर्घटनाओं की आशंका कम करना है।
नगर आयुक्त के मुताबिक, एयर शो के दौरान विमानों की निर्बाध और सुरक्षित उड़ान सुनिश्चित करने के लिए गंगा घाटों सहित आसपास के क्षेत्रों में पतंग उड़ाने पर भी पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा। नगर निगम ने दुकानदारों और आम नागरिकों से निर्देशों का पालन करने की अपील की है। अधिकारियों का कहना है कि नवरात्र की व्यवस्था और एयर शो की सुरक्षा को देखते हुए किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।