सावन में कांवड़ मार्गों पर मांस-मछली की दुकानें रहेंगी बंद, नगर निगम ने जारी किए सख्त निर्देश

पवित्र श्रावण मास में कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं और शिवभक्तों की सुविधा तथा धार्मिक भावनाओं के सम्मान को ध्यान में रखते हुए नगर निगम ने महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। नगर निगम प्रशासन ने शहरी सीमा के अंतर्गत आने वाले सभी कांवड़ मार्गों पर अवैध रूप से संचालित मांस, मछली और मुर्गा बिक्री की दुकानों को तत्काल प्रभाव से बंद रखने के निर्देश जारी किए हैं। आदेश के अनुपालन के लिए नगर निगम की ओर से विशेष निगरानी और सघन जांच अभियान भी चलाया जाएगा।
 

वाराणसी। पवित्र श्रावण मास में कांवड़ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं और शिवभक्तों की सुविधा तथा धार्मिक भावनाओं के सम्मान को ध्यान में रखते हुए नगर निगम ने महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। नगर निगम प्रशासन ने शहरी सीमा के अंतर्गत आने वाले सभी कांवड़ मार्गों पर अवैध रूप से संचालित मांस, मछली और मुर्गा बिक्री की दुकानों को तत्काल प्रभाव से बंद रखने के निर्देश जारी किए हैं। आदेश के अनुपालन के लिए नगर निगम की ओर से विशेष निगरानी और सघन जांच अभियान भी चलाया जाएगा।

नगर निगम के पशु चिकित्सा एवं कल्याण अधिकारी डॉ. विजय अमृतराज ने बताया कि सावन के दौरान कांवड़ मार्गों से बड़ी संख्या में शिवभक्त और श्रद्धालु गुजरते हैं। ऐसे में यह सुनिश्चित करना आवश्यक है कि उनकी धार्मिक भावनाएं किसी भी प्रकार से आहत न हों। इसी उद्देश्य से कांवड़ यात्रा मार्गों पर मांस, मछली और मुर्गे की अवैध बिक्री पर रोक लगाने का निर्णय लिया गया है।

उन्होंने बताया कि आदेश के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए नगर निगम के सभी जोनों में अधिकारियों और कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय कर दी गई है। संबंधित टीमें अपने-अपने क्षेत्रों में नियमित निरीक्षण करेंगी और कांवड़ मार्गों पर संचालित दुकानों की सघन जांच करेंगी। यदि कहीं भी अवैध रूप से मांस, मछली या मुर्गे की बिक्री होती पाई गई तो संबंधित दुकानदार के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की जाएगी।

नगर निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान पूरे सावन माह के दौरान निरंतर जारी रहेगा। सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि आदेश का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित कराया जाए और किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए। प्रशासन ने मांस एवं मछली विक्रेताओं से भी अपील की है कि वे निर्धारित निर्देशों का पालन करें और कांवड़ यात्रा के दौरान कांवड़ मार्गों पर अपनी दुकानें संचालित न करें। साथ ही चेतावनी दी गई है कि यदि कोई व्यक्ति आदेश का उल्लंघन करते हुए दुकान संचालित करता या अवैध रूप से बिक्री करता पाया गया, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कड़ी दंडात्मक एवं कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

नगर निगम का कहना है कि सावन माह में श्रद्धालुओं की सुविधा, सुगम आवागमन और धार्मिक वातावरण बनाए रखना प्रशासन की प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से विभिन्न विभागों के समन्वय से विशेष अभियान चलाकर व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी की जाएगी।