वाराणसी में 24 घंटे में तीन फीट बढ़ा गंगा का जलस्तर, 63.74 मीटर पर हुआ स्थिर, कई घाटों का आपसी संपर्क टूटा

गंगा के बढ़ते जलस्तर ने काशीवासियों की चिंता बढ़ा दी है। शनिवार को गंगा का जलस्तर 63.74 मीटर दर्ज किया गया और फिलहाल इसी स्तर पर स्थिर बताया जा रहा है। पिछले 24 घंटे में करीब तीन फीट तक जलस्तर बढ़ने से गंगा के किनारे स्थित घाट जलमग्न हो गए हैं। घाटों के बीच संपर्क भी पूरी तरह टूट गया है। नाविकों को पूरी सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं। 
 

वाराणसी। गंगा के बढ़ते जलस्तर ने काशीवासियों की चिंता बढ़ा दी है। शनिवार को गंगा का जलस्तर 63.74 मीटर दर्ज किया गया और फिलहाल इसी स्तर पर स्थिर बताया जा रहा है। पिछले 24 घंटे में करीब तीन फीट तक जलस्तर बढ़ने से गंगा के किनारे स्थित घाट जलमग्न हो गए हैं। घाटों के बीच संपर्क भी पूरी तरह टूट गया है। नाविकों को पूरी सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं। 

जलस्तर में तेजी से बढ़ोतरी को देखते हुए प्रशासन ने नाविकों के साथ बैठक कर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आवश्यक निर्देश दिए। नाविकों से कहा गया कि किसी भी पर्यटक को बिना लाइफ जैकेट नाव पर न बैठाया जाए। इसके साथ ही नाव की निर्धारित क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाने पर भी रोक लगाई गई है। प्रशासन ने नियमों की अनदेखी करने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।

गंगा के बढ़ते जलस्तर का असर धार्मिक आयोजनों पर भी पड़ा है। दशाश्वमेध घाट पर होने वाली प्रसिद्ध गंगा आरती का स्थान बदलना पड़ा। गंगा के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए जल पुलिस और एनडीआरएफ निगरानी कर रही है।