वाराणसी में कांग्रेस के संगठन प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम का भाजपा पर हमला, नीट परीक्षा,भर्ती और राम मंदिर चंदे पर उठाए सवाल
वाराणसी। उत्तर प्रदेश कांग्रेस के संगठन प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम शुक्रवार को वाराणसी पहुंचे, जहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया। स्वागत कार्यक्रम के बाद उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए केंद्र और उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार पर कई मुद्दों को लेकर तीखा हमला बोला। उन्होंने राम मंदिर निर्माण से लेकर शिक्षा व्यवस्था, भर्ती परीक्षाओं और संविधान के संरक्षण तक विभिन्न विषयों पर कांग्रेस का पक्ष रखा।
राजेंद्र पाल गौतम ने राम मंदिर निर्माण के लिए जुटाए गए चंदे को लेकर सवाल उठाते हुए कहा कि मंदिर निर्माण से जुड़े फंड में अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं। उन्होंने कहा कि यदि मंदिर निर्माण से संबंधित सभी महत्वपूर्ण निर्णय केंद्र सरकार के नेतृत्व में लिए गए हैं, तो चंदे में कथित गड़बड़ियों की जवाबदेही भी तय की जानी चाहिए।
उन्होंने उत्तर प्रदेश में सरकारी विद्यालयों के विलय (मर्जर) की प्रक्रिया की आलोचना करते हुए कहा कि इससे ग्रामीण क्षेत्रों में शिक्षा व्यवस्था प्रभावित हो रही है। उनका आरोप था कि भाजपा सरकार संविधान, कानून और न्यायपालिका की मूल भावना के अनुरूप कार्य नहीं कर रही है तथा जनहित के मुद्दों की अनदेखी कर रही है।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भाजपा जनता की धार्मिक आस्था और भावनाओं का राजनीतिक लाभ उठाती है। उन्होंने कहा कि पार्टी केवल चंदा जुटाने तक सीमित नहीं है, बल्कि अन्य राजनीतिक दलों के जनप्रतिनिधियों को भी अपने साथ जोड़ने का प्रयास करती है।
राहुल गांधी का उल्लेख करते हुए राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि वे संसद के भीतर और बाहर युवाओं, छात्रों, महिलाओं, दलितों, पिछड़ों और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों (ईडब्ल्यूएस) की आवाज लगातार उठा रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष कर रही है।
प्रतियोगी परीक्षाओं का मुद्दा उठाते हुए उन्होंने कहा कि यूपीएससी, एसएससी, आरआरबी समेत विभिन्न भर्ती प्रक्रियाओं में शामिल होने वाले युवाओं पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि हाल के वर्षों में कई भर्ती परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक होने की घटनाओं ने लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित किया है।
राजेंद्र पाल गौतम ने कहा कि कांग्रेस गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया और रोजगार के अधिक अवसर उपलब्ध कराने के पक्ष में है। उन्होंने विश्वास जताया कि वर्ष 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में कांग्रेस भाजपा को कड़ी चुनौती देगी और भविष्य में राहुल गांधी के नेतृत्व में केंद्र में सरकार बनाने का लक्ष्य हासिल करेगी।