बनारस रेल मंडल में CBI की कार्रवाई, सीनियर डीएमएम नितिश अग्रवाल को रिश्वत लेते रंगेहाथ पकड़ा, महकमे में हड़कंप
वाराणसी। सीबीआई लखनऊ की टीम ने शुक्रवार को सीनियर डीएमएम नितिश अग्रवाल को उनके सरकारी आवास से कथित रूप से रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया। टीम उन्हें अपने साथ लखनऊ ले गई। सीबीआई अधिकारियों ने डीआरएम कार्यालय पहुंचकर भी जानकारी जुटाने का प्रयास किया, लेकिन उस समय दफ्तर बंद होने की वजह से विस्तृत जानकारी मिल नहीं पायी। सीनियर डीएमएम की गिरफ्तारी के बाद रेलवे महकमे में हड़कंप मचा हुआ है।
रेलवे में माल की आपूर्ति करने वाले ठेकेदार संदीप की शिकायत पर सीबीआई ने यह कार्रवाई की। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि आपूर्ति से जुड़े कार्यों के बदले रिश्वत की मांग की जा रही है। प्रारंभिक जांच के बाद सीबीआई ने ट्रैप की योजना बनाई और अधिकारी को उनके सरकारी आवास पर कथित रूप से रिश्वत लेते हुए पकड़ लिया।
गिरफ्तारी के बाद सीबीआई अधिकारियों ने नितिश अग्रवाल से कई घंटों तक पूछताछ की। इस दौरान रेलवे में सामग्री की खरीद और आपूर्ति से जुड़े मामलों की जानकारी जुटाई गई। सूत्रों के अनुसार, जांच टीम ने उनके परिजनों से भी आवश्यक पूछताछ की।
सीबीआई की एक टीम डीआरएम कार्यालय भी पहुंची, लेकिन कार्यालय बंद होने के कारण वहां विस्तृत कार्रवाई नहीं हो सकी। हालांकि, कर्मचारियों से प्रारंभिक जानकारी जुटाने की बात सामने आई है। गिरफ्तार अधिकारी को सीबीआई अपने साथ लखनऊ ले गई है। सूत्रों के मुताबिक उन्हें सीबीआई की विशेष अदालत (कोर्ट संख्या-5) में पेश किया जाएगा, जहां आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी होगी।
जांच एजेंसी अब इस मामले के अन्य पहलुओं की भी पड़ताल कर रही है। रेलवे की खरीद और आपूर्ति प्रक्रिया से जुड़े दस्तावेजों की जांच के साथ यह भी देखा जाएगा कि इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका तो नहीं है। फिलहाल सीबीआई की जांच जारी है।