101 थाल में सजेगी तिलक सामग्री, बुधवार से शुरू होगा बाबा लाटभैरव का विवाहोत्सव
पांच दिनों तक अलग-अलग रंगों के बनारसी रेशमी वस्त्रों में दर्शन देंगे बाबा
26 को निकलेगी बारात और 27 को होगा खिचड़ी भंडारा
वाराणसी। काशी के प्रख्यात लाट भैरव विवाहोत्सव का शुभारंभ 23 सितंबर को तिलकोत्सव के साथ होगा। पांच दिवसीय आयोजन में बाबा लाट भैरव विविध स्वरूपों में श्रद्धालुओं को दर्शन देंगे। प्रत्येक दिन बाबा को अलग-अलग रंगों के बनारसी कारीगरी वाले रेशमी वस्त्र पहनाए जाएंगे। तिलक के लिए 101 थाल और परातों में पूजन सामग्री सजाई जा रही है। आयोजन को लेकर श्री कपाल भैरव अथवा लाट भैरव प्रबंधक समिति की ओर से तैयारियां तेज कर दी गई हैं।
समिति के अध्यक्ष रोहित जायसवाल ने बताया कि इस वर्ष तिलक उत्सव में बाबा गुलाबी, हल्दी में पीतांबर, मेंहदी में हरे, विवाह के दिन लाल और खिचड़ी भंडारे के दिन धानी रंग के रेशमी वस्त्रों में दर्शन देंगे।
23 को निकलेगी तिलक शोभायात्रा
23 सितंबर को विशेश्वरगंज स्थित शीतला माता मंदिर परिसर में बाबा लाट भैरव को तिलक चढ़ाया जाएगा। शाम पांच बजे लाट भैरव मंदिर से तिलक शोभायात्रा विशेश्वरगंज के लिए प्रस्थान करेगी। मध्यरात्रि में शीतला माता मंदिर में बाबा के भाल पर तिलक सुशोभित होगा। इसके बाद 24 सितंबर को हल्दी, 25 को मेंहदी उत्सव, 26 सितंबर को विवाह के लिए बारात और 27 सितंबर को खिचड़ी भंडारे का आयोजन किया जाएगा।
101 थाल में सज रही तिलक सामग्री
नउवा पोखर स्थित कैंप कार्यालय में तिलक की तैयारियां चल रही हैं। युवा कार्यकर्ताओं की टोली पूजन सामग्री को आकर्षक ढंग से सजाने में जुटी है। समिति के प्रधानमंत्री मुन्ना लाल यादव ने बताया कि तिलक के लिए बाबा के नवीन वस्त्राभूषण, पुष्पहार, नैवेद्य, विभिन्न प्रकार के फल, सूखे मेवे, कारन और पूजन सामग्री को 101 थाल व परातों में सजाया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि विवाहोत्सव की परंपराओं के अनुरूप सभी तैयारियां की जा रही हैं, ताकि श्रद्धालु बाबा के विभिन्न उत्सवी स्वरूपों के दर्शन कर सकें। तैयारी टोली में मंत्री विक्रम सिंह राठौर, निक्की जायसवाल, हिमांशु अग्रहरि, अंकित जायसवाल और नवीन कुमार सहित अन्य कार्यकर्ता शामिल हैं।