सेवा संकल्प अभियान के समापन पर मां गंगा की उतारी आरती, दुग्धाभिषेक कर पीएम के यशस्वी जीवन की कामना, घाट पर सफाई कर स्वच्छता का दिया संदेश 

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर नमामि गंगे की ओर से सामने घाट पर विशेष आयोजन किया गया। ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत आयोजित कार्यक्रम में मां गंगा की आरती उतारी गई और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वस्थ, दीर्घायु एवं निरंतर राष्ट्रसेवा के लिए प्रार्थना की गई। इस दौरान दूध से मां गंगा का अभिषेक कर बाबा विश्वनाथ और मां गंगा से प्रधानमंत्री के लिए आशीर्वाद मांगा गया।
 

वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर नमामि गंगे की ओर से सामने घाट पर विशेष आयोजन किया गया। ‘सेवा संकल्प अभियान’ के तहत आयोजित कार्यक्रम में मां गंगा की आरती उतारी गई और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वस्थ, दीर्घायु एवं निरंतर राष्ट्रसेवा के लिए प्रार्थना की गई। इस दौरान दूध से मां गंगा का अभिषेक कर बाबा विश्वनाथ और मां गंगा से प्रधानमंत्री के लिए आशीर्वाद मांगा गया।

नमामि गंगे काशी क्षेत्र के संयोजक एवं नगर निगम के स्वच्छता ब्रांड एंबेसडर राजेश शुक्ला के संयोजन में हुए कार्यक्रम में कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रध्वज तिरंगा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तस्वीर लेकर मंत्रोच्चार के बीच उनके सार्वजनिक जीवन के 25 वर्षों का अभिनंदन किया। धार्मिक परंपरा के अनुरूप हुए आयोजन में प्रधानमंत्री के कार्यकाल से जुड़े विकास और जनकल्याण के कार्यों का भी उल्लेख किया गया।

गंगा तट की सफाई कर दिया स्वच्छता संदेश
कार्यक्रम के दौरान गंगा तट पर सफाई अभियान भी चलाया गया। आयोजकों ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वच्छता को जनअभियान से जोड़ने का संदेश दिया है। इसी क्रम में गंगा सेवकों ने तट की सफाई कर लोगों से गंगा को स्वच्छ और निर्मल बनाए रखने में सक्रिय भागीदारी की अपील की। राजेश शुक्ला ने कहा कि गुजरात के मुख्यमंत्री से लेकर देश के प्रधानमंत्री तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 25 वर्ष की सार्वजनिक जीवन यात्रा सुशासन, विकास और जनकल्याण के प्रति समर्पण की यात्रा रही है। उन्होंने कहा कि इस अवधि में देश ने विभिन्न क्षेत्रों में महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं।

जनकल्याण योजनाओं और सांस्कृतिक कार्यों का किया उल्लेख
कार्यक्रम में आयुष्मान भारत, प्रधानमंत्री आवास योजना, जनधन योजना, डिजिटल भुगतान, स्वच्छ भारत मिशन और जीएसटी जैसी पहलों का उल्लेख किया गया। वक्ताओं ने राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े कदमों के साथ अनुच्छेद 370 में बदलाव और तीन तलाक के खिलाफ कानून को भी महत्वपूर्ण बताया। इसके अलावा अयोध्या में रामलला की प्राण प्रतिष्ठा और काशी विश्वनाथ धाम के विस्तार एवं सौंदर्यीकरण का उल्लेख करते हुए इसे सांस्कृतिक गतिविधियों से जोड़ा गया।

वैश्विक स्तर पर भारत की भूमिका पर चर्चा
कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस, वैश्विक दक्षिण की आवाज के रूप में भारत की भूमिका और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की बढ़ती सक्रियता का भी उल्लेख किया गया। आयोजकों ने कहा कि पिछले 25 वर्षों में भारत की वैश्विक स्तर पर भूमिका में विस्तार हुआ है। कार्यक्रम में सुभाष श्रीवास्तव, विनोद सिंह, लल्लन सिंह बांसुरी वाले, डॉ. प्रमोद कुमार पांडेय, लल्लन पांडेय, श्रीपति सिंह, केदारनाथ तिवारी, रमेश लाल, रमेश श्रीवास्तव, इंदु सिंह पटेल, उषा सिंह, वंश नारायण, महेंद्र और कमलेश्वर सिंह सहित अन्य लोग मौजूद रहे।