बरेका में दशहरा पर दोपहर दो बजे से बंद होंगे सभी प्रवेश द्वार, पास से ही मिलेगी एंट्री
विजयादशमी पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम, केंद्रीय खेल मैदान में होगा रामलीला मंचन और रावण दहन
70 फीट का रावण, 65 फीट का कुंभकरण और 60 फीट का मेघनाद का पुतला जलेगा
वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) परिसर में विजयादशमी पर्व पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती जाएगी। मंगलवार, 20 अक्टूबर को दोपहर दो बजे से रावण दहन तक बरेका के सभी प्रवेश द्वार बंद रहेंगे। इस दौरान रेल कर्मचारियों को वैध पहचान पत्र और आम नागरिकों को रामलीला मंचन एवं रावण दहन का वैध प्रवेश पास दिखाने के बाद ही परिसर में प्रवेश की अनुमति मिलेगी। बरेका प्रशासन ने भीड़ नियंत्रण और जनसुरक्षा के मद्देनजर यह व्यवस्था लागू की है।
बरेका प्रशासन के अनुसार, ककरमत्ता मुख्य प्रवेश द्वार, एफसीआई गेट, नाथूपुर गेट, पहाड़ी गेट और कंदवा गेट पर विशेष सुरक्षा व्यवस्था रहेगी। विजयादशमी के अवसर पर बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है, ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके और कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो।
शाम 4:30 बजे से शुरू होगा रामलीला मंचन
बरेका के केंद्रीय खेल मैदान में विजयादशमी का पर्व पारंपरिक उल्लास और भव्यता के साथ मनाया जाएगा। यहां शाम 4:30 बजे से रात आठ बजे तक भव्य रूपक रामलीला का मंचन किया जाएगा। इसके बाद आकर्षक आतिशबाजी के बीच रावण, कुंभकरण और मेघनाद के पुतलों का दहन होगा। कार्यक्रम में बरेका के महाप्रबंधक आशुतोष पंत मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे।
समारोह का मुख्य आकर्षण 70 फीट ऊंचा रावण, 65 फीट ऊंचा कुंभकरण और 60 फीट ऊंचा मेघनाद का पुतला होगा। पुतला दहन के माध्यम से बुराई पर अच्छाई और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश दिया जाएगा।
पहचान पत्र और प्रवेश पास रखना जरूरी
बरेका प्रशासन ने रेल कर्मचारियों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे निर्धारित पहचान पत्र और प्रवेश पास साथ लेकर आएं। साथ ही जिला प्रशासन की ओर से जारी निर्देशों का पालन करें और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग दें। प्रशासन का कहना है कि सभी आवश्यक सावधानियों के साथ विजयादशमी समारोह को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और आनंदमय बनाने की तैयारी की गई है।