काशी विश्वनाथ धाम में नवरात्र अष्टमी पर सांस्कृतिक संध्या, संगीत और भक्ति का अद्भुत संगम
वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ धाम में चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर आयोजित नौ दिवसीय सांस्कृतिक संध्या श्रृंखला के अंतर्गत अष्टमी तिथि पर भक्ति, संगीत और नृत्य का अद्भुत संगम देखने को मिला। मंदिर परिसर भक्तिमय माहौल से सराबोर रहा और “हर-हर महादेव” के जयघोष से गूंज उठा।
कार्यक्रम का शुभारंभ डॉ. आशीष जायसवाल के भजन गायन से हुआ। उनकी मधुर और भावपूर्ण प्रस्तुति ने श्रद्धालुओं को भक्ति रस में डुबो दिया। इसके बाद श्री नरेंद्र मिश्र ने अपने सुमधुर सितार वादन से शास्त्रीय संगीत की गरिमा को जीवंत कर दिया, जिससे वातावरण और अधिक आध्यात्मिक हो उठा।
लोकगायिका डॉ. सुष्मिता झा की प्रस्तुति ने कार्यक्रम में विशेष आकर्षण जोड़ा। उनके लोक-भक्ति गीतों ने श्रोताओं को भारतीय परंपरा और आध्यात्मिकता से जोड़ते हुए भाव-विभोर कर दिया। वहीं श्रीमती दिव्या श्रीवास्तव एवं उनके समूह द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक नृत्य ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। नृत्य की भाव-भंगिमाओं और समर्पण ने कार्यक्रम को नई ऊंचाई प्रदान की।
कार्यक्रम का संचालन श्वेता श्रीवास्तव ने किया। उनकी सशक्त प्रस्तुति ने पूरे आयोजन को एक सूत्र में पिरोए रखा और दर्शकों को निरंतर जोड़े रखा। मंदिर न्यास द्वारा आयोजित यह सांस्कृतिक संध्या श्रृंखला धर्म, अध्यात्म और संस्कृति के समन्वय को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित की गई।