ईशान किशन और कौनैन कुरैशी के दम पर ईस्ट जोन ने 13 साल बाद जीता दलीप ट्रॉफी का खिताब

 




चेन्नई, 10 सितंबर (हि.स.)। ईस्ट जोन ने गुरुवार को एमए चिदंबरम स्टेडियम में साउथ जोन के खिलाफ पहली पारी में बढ़त के आधार पर दलीप ट्रॉफी का खिताब अपने नाम कर लिया। ईस्ट जोन ने 13 साल के इंतजार को खत्म करते हुए तीसरी बार यह प्रतिष्ठित ट्रॉफी जीती। टीम ने इससे पहले 2012-13 सत्र में खिताब अपने नाम किया था।

फाइनल के आखिरी दिन ईस्ट जोन ने दूसरी पारी में 388/7 के स्कोर पर पारी घोषित की। मोहम्मद कौनैन कुरैशी ने 190 गेंदों पर नाबाद 116 रन की पारी खेलकर अपना पहला प्रथम श्रेणी शतक लगाया, जबकि अनुकूल रॉय ने 64 रन बनाए। घोषणा के साथ ही ईशान किशन की कप्तानी वाली ईस्ट जोन टीम ने खिताबी जीत का जश्न शुरू कर दिया।

ईस्ट जोन ने पहली पारी में 708 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया था। कप्तान ईशान किशन ने शानदार 270 रन और कुमार कुशाग्र ने 101 रन की पारी खेली थी। किशन ने दूसरी पारी में भी 80 रन बनाए और मैच में कुल 350 रन पूरे किए।

ईस्ट जोन की खिताबी जीत में झारखंड के उभरते खिलाड़ियों की अहम भूमिका रही। कुशाग्र के अलावा शिखर मोहन ने दलीप ट्रॉफी पदार्पण पर 85 रन की शानदार पारी खेली। उन्होंने पिछले घरेलू सत्र में दिखाए गए अच्छे फॉर्म को भी जारी रखा। कुशाग्र, शिखर और किशन की तिकड़ी ने ईस्ट जोन की बल्लेबाजी को मजबूती दी।

फाइनल के आखिरी दिन कौनैन कुरैशी और अनुकूल रॉय ने सातवें विकेट के लिए 150 रन की साझेदारी की। इसी दौरान धीमी ओवर गति के कारण साउथ जोन पर पांच रन की पेनल्टी भी लगाई गई। मैच अधिकारियों और साउथ जोन के कप्तान तिलक वर्मा के बीच लंबे समय तक चर्चा के बाद यह फैसला लिया गया।

कुरैशी ने 96वें ओवर में तेज गेंदबाज सीवी मिलिंद की गेंद पर एक्स्ट्रा कवर की दिशा में दो रन लेकर अपना पहला प्रथम श्रेणी शतक पूरा किया। शतक पूरा करने के बाद उन्होंने हेलमेट उतारकर हाथ उठाए, जबकि टीम के खिलाड़ियों ने बालकनी से खड़े होकर उनका स्वागत किया। अगले ही ओवर में उन्होंने त्रिपुराना विजय की गेंदों पर मिडविकेट और लॉन्ग ऑन के ऊपर लगातार दो छक्के जड़ दिए।

दूसरे छोर पर अनुकूल रॉय ने 89वें ओवर में शेख रशीद की गेंद को प्वाइंट के रास्ते भेजकर एक रन लिया और अपना अर्धशतक पूरा किया। हालांकि, इसके बाद उनकी पारी 64 रन पर समाप्त हो गई। वह एमडी नधीश की गेंद पर ढीला शॉट खेलने के प्रयास में स्लिप में देवदत्त पडिक्कल के हाथों कैच आउट हुए।

100वें ओवर की दूसरी गेंद पर कुरैशी ने मिलिंद की गेंद को मिड ऑन की ओर खेला। इसके बाद कप्तान ईशान किशन ने पवेलियन से पारी घोषित करने का संकेत दिया। अंपायरों ने तुरंत बेल्स हटा दीं और ईस्ट जोन की खिताबी जीत की औपचारिक पुष्टि हो गई।

चेपॉक की मुश्किल पिच और उमस भरे मौसम के बावजूद साउथ जोन के तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज ने शानदार जुझारूपन दिखाया। मैच का नतीजा लगभग तय होने के बावजूद उन्होंने लगातार नौ ओवर का लंबा स्पेल किया।

पारी घोषित होने के बाद ईस्ट जोन के खिलाड़ी मैदान पर उतरकर जश्न मनाने लगे। ईशान किशन और वैभव सूर्यवंशी ने स्टंप हाथ में लेकर डांस किया और दर्शकों की ओर हाथ हिलाकर जीत का अभिवादन किया।

संक्षिप्त स्कोर:

ईस्ट जोन—708 और 388/7 पारी घोषित (मोहम्मद कौनैन कुरैशी 116 नाबाद, ईशान किशन 80; एमडी नधीश 2/28, सीवी मिलिंद 1/27) ने साउथ जोन—336 (तिलक वर्मा 99; मुकेश कुमार 3/62) के साथ मैच ड्रॉ खेला। पहली पारी में बढ़त के आधार पर ईस्ट जोन विजेता रहा।

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हिन्दुस्थान समाचार / सुनील दुबे