ओडिशा दिवस पर राष्ट्रपति, उपराष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने दी शुभकामनाएं

 


नई दिल्ली, 01 अप्रैल (हि.स.)। ओडिशा के स्थापना दिवस (उत्कल दिवस) के अवसर पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु, उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के साथ केंद्रीय मंत्रियों ने राज्य की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, परंपराओं और योगदान की सराहना करते हुए राज्य के लोगों को शुभकामनाएं दीं।

राष्ट्रपति मुर्मु ने अपने एक्स संदेश में कहा कि यह दिन ओडिशा की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, शाश्वत परंपराओं और लोगों के अदम्य साहस का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्र निर्माण में ओडिशा का योगदान प्रेरणादायक रहा है। राष्ट्रपति ने भगवान जगन्नाथ से राज्य के लोगों की प्रगति और समृद्धि की कामना की।

उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन ने भी ओडिशा दिवस की शुभकामनाएं देते हुए राज्य की गौरवशाली संस्कृति और अदम्य भावना की सराहना की। उन्होंने प्रदेश की निरंतर शांति, समृद्धि और विकास की कामना की।

प्रधानमंत्री मोदी ने उत्कल दिवस पर कहा कि ओडिशा सांस्कृतिक और आध्यात्मिक महानता का प्रतीक है। उन्होंने ओडिया संगीत, कला और साहित्य की प्रशंसा करते हुए कहा कि राज्य के लोगों ने अपनी मेहनत और सादगी से हर क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है।

लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने भी प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि ओडिशा की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, गौरवशाली इतिहास और प्राकृतिक संपदा देश की पहचान को और सशक्त बनाती है। उन्होंने राज्य की निरंतर प्रगति और आत्मनिर्भरता की कामना की।

गृहमंत्री अमित शाह ने कहा कि भगवान जगन्नाथ के आशीर्वाद से ओडिशा भारत के गौरव के रूप में उभर रहा है और विकसित भारत के निर्माण में अहम भूमिका निभा रहा है।

दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी ओडिशा के लोगों को शुभकामनाएं देते हुए राज्य की सांस्कृतिक समृद्धि और प्राकृतिक सुंदरता की सराहना की। उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी के नेतृत्व में ओडिशा के विकास की प्रशंसा की।

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने ओडिशा को अध्यात्म, कला और संस्कृति की पावन भूमि बताते हुए प्रदेशवासियों को बधाई दी और समृद्धि की कामना की।

राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने उत्कल दिवस पर शुभकामनाएं देते हुए ओडिशा के उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

उल्लेखनीय है कि ओडिशा दिवस हर वर्ष एक अप्रैल को मनाया जाता है, जब 1936 में ओडिशा एक अलग राज्य के रूप में अस्तित्व में आया था।

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हिन्दुस्थान समाचार / माधवी त्रिपाठी