मप्र और राजस्थान के लिए आर्थिक समृद्धि के द्वार खोलेगी पार्वती-कालीसिंध-चंबल परियोजना : मोहन यादव
- कोटा जिले में श्री कृष्ण यदुवंशी अहीर समाज के सामूहिक विवाह सम्मेलन में शामिल हुए मप्र के मुख्यमंत्री डॉ. यादव
भोपाल, 26 अप्रैल (हि.स.)। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आशीर्वाद से पार्वती-काली सिंध-चंबल अंतरराज्यीय परियोजना (पीकेसी) को स्वीकृति मिली है। इस परियोजना से मध्य प्रदेश और राजस्थान लाभान्वित होंगे। यह प्रोजेक्ट मध्य प्रदेश और राजस्थान के लिए आर्थिक समृद्धि के द्वार खोलेगा। कार्यक्रम में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला भी विशेष रूप से मौजूद थे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव रविवार को राजस्थान के कोटा जिले के ग्राम रींछी में श्रीकृष्ण यदुवंशी अहीर समाज के सामूहिक विवाह सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि चंबल मैया का आशीर्वाद मध्य प्रदेश और राजस्थान दोनों प्रांतों को मिल रहा है। हमारा प्रदेश अनेक नदियों के उद्गम के कारण नदियों का मायका है। मध्य प्रदेश और राजस्थान जोड़ीदार प्रदेश हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 16 संस्कारों में पाणिग्रहण संस्कार शामिल है। विवाह ही कुल और गोत्र को आगे बढ़ाते हुए अमरता देते हैं। विवाह से जीवन साथी के साथ बेटियों को नए माता-पिता मिलते हैं। उन्होंने सामूहिक विवाह समारोह में नव दंपतियों को आशीर्वाद और मंगलकामनाएं देते हुए कहा कि वर्तमान में सामूहिक विवाह काफी उपयोगी हैं। मैंने अपने बेटे का विवाह सादगीपूर्वक किया था। परिवारों को खर्चीले विवाहों के कारण आर्थिक कष्ट उठाने होते हैं।
उन्होंने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण ने समाज का मार्गदर्शन किया। धर्म मार्ग पर चलने की सभी को प्रेरणा दी। अनेक कष्ट सहते हुए उनका जीवन एक उदाहरण बना। भगवान श्री कृष्ण ने लोकतंत्र की स्थापना का उदाहरण दिया था, जब कंस के वध के पश्चात स्वयं सत्ता नहीं सम्हाली। वे लोकतंत्र के सच्चे नायक थे। उन्होंने धर्म के मार्ग पर चलने की शिक्षा दी। मध्य प्रदेश सरकार श्रीकृष्ण पाथेय का विकास कर रही है।
राजस्थान के ऊर्जा मंत्री हीरालाल नागर ने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. यादव समाज के गौरव हैं। वे राजस्थान और मध्य प्रदेश को भाई-भाई मानते हैं। दोनों राज्यों की सरकारों ने सामूहिक प्रयास किया और आज पार्वती-काली सिंध-चंबल नदी परियोजना पर कार्य हो रहा है। पीकेसी परियोजना से मध्य प्रदेश के साथ राजस्थान के किसानों को भी सिंचाई के लिए पर्याप्त जल मिलेगा।
राजस्थान के विधायक महंत बाबा बालक नाथ ने कहा कि योगेश्वर श्री कृष्ण ने यदुवंशी कुल में जन्म लेकर पूरे समाज को धन्य किया। इस सामूहिक विवाह सम्मेलन में गरीब और पिछड़ा वर्ग के परिवारों को सामूहिक विवाह में शामिल कर उन्हें लाभान्वित किया जा रहा है। यदुवंशी समाज धर्म के मार्ग पर चलते हुए आगे बढ़ने वाला समाज है। सामूहिक विवाह सम्मेलन के माध्यम से शादी विवाह में फिजूल खर्ची रुकी है।
कार्यक्रम में अनेक संत-वृंद, राजस्थान और मध्यप्रदेश के जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर