भोपालः एटीएस ने संदिग्ध आतंकियों को कोर्ट में पेश किया, नईम और शाकिर को भेजा जेल
- इजहार उल हक को 22 जून तक रिमांड पर एटीएस को सौंपा
भोपाल, 20 जून (हि.स.)। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में आतकंवाद निरोधक दस्ता (एटीएस) ने संदिग्ध आतंकी गतिविधियों से जुड़े मामले में गिरफ्तार किए गए तीन संदिग्ध आतंकियों को शनिवार को विशेष न्यायालय में पेश किया। अदालत ने दो संदिग्धों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है, जबकि एक संदिग्ध को 22 जून तक रिमांड पर एटीएस को सौंपा है।
भोपाल एटीएस ने गत दिनों देश विरोधी गतिविधियो से जुड़े चार संदिग्धों को गिरफ्तार किया था। शनिवार शाम को एटीएस ने तीन आरोपी-नईम अब्दुल्ला, शाकिर मेव और इजहार उल हक को विशेष न्यायालय में पेश किया। कोर्ट ने दो आरोपियों नईम अब्दुल्ला और शाकिर मेव को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। वहीं आरोपी इजहार उल हक को 22 जून तक रिमांड मंजूर की है। एटीएस अब इन आरोपियों से जुड़े नेटवर्क, संपर्कों और गतिविधियों की गहराई से जांच कर रही है।
एटीएस सूत्रों के अनुसार, पूछताछ के दौरान आरोपियों से कई अहम जानकारियां सामने आई हैं। पूछताछ के बाद एटीएस ने अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है। अलग-अलग राज्यों में सक्रिय संदिग्ध आतंकियों की जानकारी जुटाई जा रही है। एटीएस अधिकारियों का कहना है कि पूरे मामले की तह तक पहुंचने के लिए लगातार पूछताछ और जांच जारी है।
दरअसल, एटीएस ने सबसे पहले संदिग्ध आतंकी नेटवर्क से जुड़े मोहम्मद फराज उर्फ खालिद सैफुल्ला को भोपाल से हिरासत में लिया था। इसके बाद भोपाल एटीएस ने उत्तर प्रदेश के सहारनपुर से नईम अब्दुल्ला कुरैशी और राजस्थान के अलवर इलाके से शाकिर मेव को गिरफ्तार किया। वहीं मामले में बिहार के मधुबनी से इजहार उल हक को भी पकड़ा गया है। एटीएस ने सभी आरोपियों से पूछताछ शुरू की, जिसमें नेटवर्क, संपर्कों और गतिविधियों से जुड़े कई अहम इनपुट मिलने की बात सामने आई है।
जांच एजेंसी के मुताबिक इन पर कथित तौर पर संदिग्ध आतंकी नेटवर्क से जुड़े होने, कट्टरपंथी गतिविधियों में शामिल होने और प्रतिबंधित संगठनों से संपर्क के आरोपों के आधार पर जांच की जा रही है। एटीएस डिजिटल डिवाइस, मोबाइल रिकॉर्ड, चैट और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच कर रही है। एजेंसी यह भी पता लगाने में जुटी है कि क्या किसी तरह की आपराधिक गतिविधि के लिए तैयारी की जा रही थी और इसमें कितने लोग शामिल हैं। फिलहाल जांच जारी है और एटीएस पूछताछ के आधार पर नेटवर्क की पूरी कड़ी जोड़ने का प्रयास कर रही है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर