दिल्ली समेत उत्तर भारत में अगले 4-5 दिनों के दौरान व्यापक वर्षा के आसार
नई दिल्ली, 07 जुलाई (हि.स.)। उत्तर-पश्चिम भारत के राज्यों में मानसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। दिल्ली, हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब, पश्चिमी उत्तर प्रदेश और राजस्थान में अगले 4-5 दिनों के दौरान व्यापक बारिश होने के आसार हैं।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, सिक्किम, मध्य महाराष्ट्र, गुजरात, केरल सहित अन्य राज्यों में अगले 24 घंटे के दौरान और अधिक भारी बारिश होने का अनुमान है। वहीं राजधानी में बुधवार सुबह या दोपहर को कई जगहों पर तेज हवाओं के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने का अनुमान है। दिल्ली में अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमशः 32-34 डिग्री सेल्सियस और 25-27 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है। 9 और 10 जुलाई को भी यही स्थिति बने रहने की अधिक संभावना है। गुरुवार के मुकाबले शुक्रवार को अधिकतम तापमान में कुछ बढ़ोतरी हो सकती है।
आईएमडी के पूर्वानुसार आज दिल्ली-एनसीआर के लगभग सभी क्षेत्रों में झमाझम वर्षा होने से गर्माहट मौसम से निजात मिली।
मौसम विभाग के मुताबिक आज दक्षिण-पश्चिम मानसून गुजरात के शेष हिस्सों और राजस्थान व हरियाणा के कुछ इलाकों में आगे बढ़ गया है। अगले 2-3 दिनों में उत्तरी अरब सागर, राजस्थान, हरियाणा और पंजाब के शेष हिस्सों और इस तरह पूरे देश में मानसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियां अनुकूल हैं। मानसून की वजह से उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, कोंकण, मध्य महाराष्ट्र, गुजरात, केरल सहित अन्य राज्यों के अलग-अलग क्षेत्रों में अगले 24 घंटे के दौरान और अधिक भारी बारिश होने के आसार हैं। वहीं, उत्तर भारत में अगले तीन दिनों के दौरान कहीं-कहीं भारी बारिश होने की संभावना है।
इसके अलावा, मध्य भारत के छत्तीसगढ़, पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश में 8-13 जुलाई तक भारी वर्षा हो सकती है। पूर्वी भारत के अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में 8-10 जुलाई के बीच, बिहार में 8-9 जुलाई और 11-13 जुलाई के बीच तथा ओडिशा में 8- 13 जुलाई के बीच कहीं-कहीं बारिश होने की संभावना है जबकि पूर्वोत्तर भारत में पिछले कई दिनों से भारी बारिश जारी है और अगले 5-6 दिनों तक बारिश होने का सिलसिला चलता रहेगा।
पश्चिमी भारत को कोंकण, गोवा, गुजरात समेत अन्य राज्यों के कुछ क्षेत्रों में अगले छह दिनों के दौरान व्यापक वर्षा हो सकती है। दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत के तटीय आंध्र प्रदेश, यनम, रायलसीमा, तमिलनाडु, पुडुचेरी, कराईकल और तेलंगाना में 8-13 जुलाई, केरल और माहे में 12-13 जुलाई, लक्षद्वीप और उत्तरी अंदरूनी कर्नाटक में 9-13 जुलाई, दक्षिणी अंदरूनी कर्नाटक में 8-13 जुलाई के बीच वर्षा होने के आसार हैं।
इसके अलावा, उत्तर-पश्चिम भारत, मध्य भारत, पूर्वी भारत, पश्चिमी भारत और दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत के कुछ क्षेत्रों में संभावित भारी से भारी वर्षा होने के बीच ही तूफानी हवाओं के चलने का अनुमान हैं। इस बीच चलने वाली हवाओं की रफ्तार कही पर 30-60 किलोमीटर प्रति घंटा और कहीं पर 40-70 किमी प्रति घंटा रह सकती है।
-------------
हिन्दुस्थान समाचार / श्रद्धा द्विवेदी