कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट का शिलान्यास, हाड़ौती क्षेत्र को मिलेगी विकास की नई उड़ान

 


कोटा-बूंदी/जयपुर , 07 मार्च (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट शिलान्यास समारोह को संबोधित किया। करीब 1507 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट हाड़ौती क्षेत्र कोटा, बूंदी, बारां और झालावाड़ के विकास को नई गति देगा। उन्होंने कहा कि नवंबर 2023 में कोटा की जनता से किए गए एयरपोर्ट निर्माण के वादे को अब साकार किया जा रहा है।

प्रधानमंत्री ने कहा कि अभी तक कोटा के लोगों को हवाई यात्रा के लिए जयपुर या जोधपुर जाना पड़ता था, जिससे समय और असुविधा दोनों बढ़ते थे। नए एयरपोर्ट के शुरू होने से यात्रा आसान होगी, व्यापार बढ़ेगा और पर्यटन को भी बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा। उन्होंने कहा कि कोटा शिक्षा के साथ-साथ ऊर्जा उत्पादन का भी बड़ा केंद्र है, जहां न्यूक्लियर, कोयला, गैस और जल से बिजली का उत्पादन होता है। इसके साथ ही कोटा कचौरी, कोटा डोरिया, कोटा स्टोन, सैंड स्टोन, धनिया और बूंदी के बासमती चावल की पहचान देश-दुनिया में है। एयरपोर्ट बनने से इन उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंचने में मदद मिलेगी।

प्रधानमंत्री ने कहा कि बेहतर हवाई कनेक्टिविटी से हाड़ौती क्षेत्र के पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। यहां गरड़िया महादेव मंदिर, मुकुंदरा हिल्स नेशनल पार्क और रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व जैसे प्रमुख पर्यटन स्थल हैं, जहां देश-विदेश से पर्यटक आएंगे।

प्रधानमंत्री ने बताया कि देश में कनेक्टिविटी बढ़ाने के लिए सरकार तेजी से काम कर रही है। वर्ष 2014 से पहले देश में करीब 70 एयरपोर्ट थे, जो अब बढ़कर 160 से अधिक हो गए हैं। नए एयरपोर्ट बनने से पर्यटन, व्यापार और रोजगार के अवसर बढ़े हैं।

समारोह में मौजूद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि दशकों से कोटा क्षेत्र के लोगों की ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट की मांग थी, जो आज पूरी हुई है। उन्होंने प्रधानमंत्री का आभार जताते हुए कहा कि डबल इंजन सरकार में कोटा के विकास को नई गति मिली है। उन्होंने बताया कि एयरपोर्ट के आसपास रीको द्वारा 600 हेक्टेयर भूमि उद्योगों के विकास के लिए विकसित की जाएगी, जिससे क्षेत्र में उद्योग, एग्रो प्रोसेसिंग, पर्यटन और आईटी सेक्टर को बढ़ावा मिलेगा।

केंद्रीय नागर विमानन मंत्री किंजरापु राम मोहन नायडू ने बताया कि करीब 1100 एकड़ क्षेत्र में बनने वाले इस एयरपोर्ट में 20 हजार वर्गमीटर का आधुनिक टर्मिनल बनाया जाएगा। इसमें आधुनिक सुविधाओं के साथ राजस्थान की सांस्कृतिक विरासत की झलक भी दिखाई देगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में अब हवाई यात्रा आमजन के लिए भी सुलभ हो गई है और सिविल एविएशन अब “सिविलियन एविएशन” बन चुका है।

मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार किसानों, युवाओं, महिलाओं और गरीबों के विकास के लिए रोडमैप पर काम कर रही है। प्रदेश में जल परियोजनाओं—रामजल सेतु लिंक, यमुना जल समझौता, इंदिरा गांधी नहर और गंगनहर—पर काम चल रहा है। हाड़ौती क्षेत्र में नवनेरा, ईसरदा और परवन अकावद परियोजनाओं पर तेजी से कार्य हो रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में उद्योग और रोजगार को बढ़ावा देने के लिए राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट आयोजित की गई, जिसमें 35 लाख करोड़ रुपये के एमओयू हुए हैं। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने अब तक सवा लाख से अधिक नियुक्तियां दी हैं और वर्ष 2026 के लिए सवा लाख नौकरियों का भर्ती कैलेंडर जारी किया गया है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री,लोकसभा अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री ने कोटा-बूंदी ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट के साथ ही परवन अकावद और नौनेरा पेयजल परियोजनाओं का भी भूमि पूजन किया। नए एयरपोर्ट से हाड़ौती क्षेत्र में पर्यटन, उद्योग, शिक्षा और व्यापार को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

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हिन्दुस्थान समाचार / दिनेश