हैम्पटन स्काई रियल्टी मामले में ईडी की 6 ठिकानों पर छापेमारी, जालंधर के ठेकेदार अमित बजाज भी जांच के घेरे में

 


चंडीगढ़, 09 जून (हि.स.)। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने मंगलवार को

धन शोधन निवारण अधिनियम के तहत चल रही जांच के सिलसिले में पंजाब, उत्तर प्रदेश और दिल्ली-एनसीआर में छह

स्थानों पर एक साथ छापेमारी की। यह कार्रवाई हैम्पटन स्काई रियल्टी लिमिटेड से

जुड़े मामले में की गई है। ईडी की टीमों ने लुधियाना, जालंधर, उत्तर प्रदेश के बरेली तथा दिल्ली-नोएडा

क्षेत्र में उन व्यक्तियों और संस्थाओं के आवासों एवं व्यावसायिक परिसरों की तलाशी

ली, जो जांच के दायरे में

हैं।

जालंधर में नगर निगम

के ठेकेदार अमित बजाज के न्यू जवाहर नगर स्थित आवास पर भी ईडी ने छापा मारा। अमित

बजाज और उनके बड़े भाई इंद्रजीत बजाज नगर निगम के अलावा विभिन्न सरकारी विभागों के

बड़े ठेकेदार माने जाते हैं। दोनों भाई जालंधर, लुधियाना, मोहाली समेत पंजाब के कई शहरों और

गुजरात सहित अन्य राज्यों में भी ठेकेदारी कार्यों से जुड़े रहे हैं। इसके अलावा

वे आउटसोर्सिंग के माध्यम से मानव संसाधन उपलब्ध कराने वाली संस्थाओं के संचालन से

भी जुड़े बताए जाते हैं।

सूत्रों

के अनुसार, बजाज बंधुओं के

विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं के साथ करीबी संबंध रहे हैं। यह भी दावा किया जा

रहा है कि उन्होंने अतीत में आम आदमी पार्टी के कई कार्यक्रमों को आर्थिक सहयोग

दिया था और चुनावों के दौरान भी पार्टी का समर्थन किया था। पार्टी के शीर्ष नेताओं

के साथ उनकी निकटता की चर्चा होती रही है और उन्हें कई राजनीतिक बैठकों में देखा

गया था। वहीं, पंजाब

में आम आदमी पार्टी की सरकार बनने से पहले भी उनके विभिन्न दलों के नेताओं के साथ

संबंध बताए जाते रहे हैं। पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल भी चुनावों से पहले

उनके निवास पर आते-जाते रहे थे। कांग्रेस शासनकाल के दौरान भी उनके कांग्रेस

नेताओं के साथ अच्छे संबंध होने की बात कही जाती रही है।

इस

बीच, ईडी की कार्रवाई पर

प्रतिक्रिया देते हुए आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद

केजरीवाल ने कहा कि ईडी एक बार फिर पंजाब के हिंदू व्यापारियों को

निशाना बना रही है। उन्होंने व्यापारियों से घबराने की जरूरत नहीं होने की बात कही

और कहा कि पंजाब सरकार उनके साथ खड़ी है तथा वे मिलकर ईडी की कार्रवाई का सामना

करेंगे।

फिलहाल ईडी की तलाशी कार्रवाई जारी है

और एजेंसी की ओर से आधिकारिक रूप से बरामदगी या जांच से जुड़े विस्तृत विवरण

सार्वजनिक नहीं किए गए हैं। जांच पूरी होने के बाद ही मामले से जुड़े तथ्यों की

स्पष्ट तस्वीर सामने आ सकेगी।

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हिन्दुस्थान समाचार / GURSHARAN SINGH