सत्ता परिवर्तन विपक्ष की लोकतांत्रिक जिम्मेदारी, इसमें गलत क्या है : पवन खेड़ा
नई दिल्ली, 16 अक्टूबर (हि.स.)। कांग्रेस ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के 'रिजीम चेंज' संबंधी बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि चुनाव के माध्यम से सत्ता परिवर्तन विपक्ष का लोकतांत्रिक अधिकार और जिम्मेदारी है। कांग्रेस के मीडिया विभाग के अध्यक्ष एवं राज्यसभा सदस्य पवन खेड़ा ने कहा कि विपक्ष का काम सरकार का विरोध करना, उसकी नीतियों को बेनकाब करना और लोकतांत्रिक तरीके से सत्ता परिवर्तन का प्रयास करना होता है।
पवन खेड़ा ने गुरुवार को यहां कांग्रेस मुख्यालय में पत्रकार वार्ता में कहा कि चुनाव के जरिए सरकार बदलना लोकतंत्र का सामान्य और वैध हिस्सा है, लेकिन भाजपा नेताओं को इससे परेशानी हो रही है क्योंकि उन्हें अब लोकतांत्रिक सवालों की आदत नहीं रही है। खेड़ा ने कहा कि पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने कहा था कि विपक्ष का कर्तव्य है कि वह सरकार का विरोध करे, उसकी खामियों को उजागर करे और यदि संभव हो तो उसे सत्ता से बाहर करे। कांग्रेस भी यही कर रही है। अगर सत्ता परिवर्तन की बात करना गलत है तो भाजपा स्पष्ट करे कि क्या विपक्ष का चुनाव लड़ना, आंदोलन करना और सत्ता परिवर्तन की बात करना देशविरोधी या गैरकानूनी है।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार सवालों का जवाब देने के बजाय सवाल पूछने वालों पर ही आरोप लगाने लगती है। देश में कई दिनों से लोग आंदोलित हैं और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर सवाल उठा रहे हैं, लेकिन जवाब चुनाव आयोग की बजाय केंद्र सरकार की ओर से दिए जा रहे हैं। ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग पर सरकार अपनी स्थिति स्पष्ट क्यों नहीं कर रही है।
उल्लेखनीय है कि रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने लखनऊ में पत्रकार वार्ता में कहा था कि विपक्ष की लड़ाई चुनाव सुधार, विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) या मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के मुद्दे को लेकर नहीं है, बल्कि देश में अराजकता फैलाकर सत्ता हासिल करने की साजिश है। उन्होंने आरोप लगाया था कि विपक्ष देश के युवाओं को अराजक राजनीति का मोहरा बनाने की कोशिश कर रहा है और बांग्लादेश की तर्ज पर सत्ता परिवर्तन की बातें कर रहा है।
-----------
हिन्दुस्थान समाचार / प्रशांत शेखर