केंद्र के बजट में तेलंगाना राज्य के साथ हुई नाइंसाफी: तेलंगाना के उपमुख्यमंत्री
हैदराबाद, 01 फरवरी (हि.स.)। तेलंगाना के उप मुख्यमंत्री मल्लू भट्टी विक्रमार्क ने कहा कि यह शर्म की बात है कि केंद्रीय बजट में तेलंगाना के लिए कुछ नहीं किया गया। केंद्र का यह तरीका नाइंसाफी वाला है।
राज्य के उपमुख्यमंत्री विक्रमार्क रविवार काे केंद्र सरकार के बजट पर सचिवालय प्रजा भवन में पत्रकाराें से वार्ता कर रहे थे। उन्होंने केंद्र के बजट की आलोचना करते हुए कहा कि राज्य के लिए बजट में कुछ करने के लिए केंद्र से कई बार आग्रह के बाद भी कोई आवंटन नहीं किया गया। विक्रमार्क ने कहा कि उन्हें रीजनल रिंग रोड (आरआरआर), मेट्रो रेल और मूसी सुंदरीकरण परियोजना के लिए केंद्र से आवंटन की उम्मीद रखी थी। जो राज्य के भविष्य के लिए बहुत ज़रूरी हैं। उन्होंने इस बात पर दुख जताया कि मूसी नदी परियोजना के लिए केंद्र से मदद मांगने के बावजूद बजट में इसका कोई ज़िक्र नहीं है। उन्होंने हैरानी जताई कि हैदराबाद दुनिया के लिए फार्मा हब होने के बावजूद, केंद्र के घोषित केमिकल पार्कों की लिस्ट में तेलंगाना को जगह नहीं दी गई। उन्होंने आलोचना की कि पिछली कांग्रेस सरकार के दौरान ईसीआईएल जैसी बड़ी कंपनियों को हैदराबाद स्थापित किया गया था, लेकिन मौजूदा सरकार वर्तमान कंपनियों की भी देखभाल नहीं कर रही है।
उन्होंने याद दिलाया कि हैदराबाद अपने फार्मा सेक्टर के लिए मशहूर है और कोविड के दौरान हैदराबाद ने दुनियाभर में ज़रूरी दवाइयाँ निर्यात कीं। उन्होंने कहा कि बजट में फार्मा सेक्टर में भी राज्य को प्राथमिकता नहीं दी गई। उन्हाेंने कहा कि राज्य के
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने अपने मंत्रिमंडल के सहयोगियों के साथ प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और कई केंद्रीय मंत्रियों से मुलाकात कर तेलंगाना के लिए निधि आवंटित करने और कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं की मंजूरी का आग्रह किया था। उन्होंने कहा कि खेल क्षेत्र में भी तेलंगाना के साथ नाइंसाफी हुई है। उन्होंने कहा कि तेलंगाना राज्य सरकार ने खेल क्षेत्र को बड़ा प्रोत्साहन दिया जिसमें आधुनिक प्रशिक्षण केंद्र, प्रशिक्षित कोच शामिल हैं और खेल को बढ़ावा देने के लिए खेल विश्वविद्यालय की शुरूआज की है।
राज्य के उपमुख्यमंत्री और वित्त मंत्री विक्रमार्क ने तेलंगाना में भाजपा सांसदों से राज्य के लिए पर्याप्त आवंटन के लिए केंद्र सरकार पर दबाव डालने का भी आह्वान किया क्योंकि बजट सत्र अभी भी जारी है। भट्टी विक्रमार्क ने साफ किया कि सभी सांसदों को, चाहे वे किसी भी पार्टी के हों, राज्य के विकास के लिए केंद्र पर दबाव बनाने के लिए एक साथ आना चाहिए। हम केंद्र से ज़िम्मेदारी से मिलते रहेंगे, लेकिन हम राजनीति से परे राज्य के हितों के लिए लड़ेंगे।
हिन्दुस्थान समाचार / नागराज राव