वेनेजुएला भूकंप त्रासदी, हताहतों की संख्या 2,295, संयुक्त राष्ट्र को आंकड़ा 10,000 पहुंचने की आशंका

 


काराकास (वेनेजुएला), 02 जुलाई (हि.स.)। वेनेजुएला में दिन गुजरने के साथ-साथ भूकंप त्रासदी में हताहतों की बढ़ती संख्या डरावनी होती जा रही है। संयुक्त राष्ट्र ने तो यह आंकड़ा 10,000 तक पहुंचने की आशंका जताई है। नेशनल असेंबली के अध्यक्ष जॉर्ज रोड्रिगेज के अनुसार, वेनेजुएला में आए दोहरे भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़कर 2,295 हो गई है। रोड्रिगेज ने सरकारी टेलीविजन पर कहा कि हजारों अन्य लोग घायल भी हुए हैं।

स्काई न्यूज की रिपोर्ट में जॉर्ज रोड्रिगेज और संयुक्त राष्ट्र के स्थानीय समन्वयक जियानलुका रैम्पोला डेल टिंडारो के हवाले से यह जानकारी दी गई। वेनेजुएला में 24 जून को आए 7.2 और 7.5 तीव्रता के दोहरे भूकंप के बाद भारत समेत दुनिया भर के प्रमुख देशों ने मदद के लिए हाथ बढ़ाए हैं। टिंडारों ने माना कि संयुक्त राष्ट्र ने 10,000 बॉडी बैग मंगवाए हैं। एक न्यूज वेबसाइट के अनुसार, 43,000 से ज्यादा लोग लापता बताए जा रहे हैं। रोड्रिगेज के अनुसार, 15,866 लोग बेघर हो गए हैं।

नासा के अनुमान के अनुसार, 59,000 इमारतें नष्ट या क्षतिग्रस्त हो गई हैं। इस समय बचावकर्मी मलबे में जीवित बचे लोगों और अन्य पीड़ितों की तलाश कर रहे हैं। एक अमेरिकी जनरल ने बताया कि राहत कार्यों में मदद के लिए वेनेजुएला, प्यूर्टो रिको और कुराकाओ में 1,700 अमेरिकी कर्मियों को तैनात किया गया है। सहायता समूहों ने चेतावनी दी है कि पहले से ही कमजोर स्वास्थ्य सेवा प्रणाली पर भारी दबाव है। वर्ल्ड फ़ूड प्रोग्राम ने 500,000 लोगों को आपातकालीन खाद्य सहायता प्रदान करने के लिए 5 करोड़ डॉलर मदद की अपील की है।

सरकारी अधिकारियों के अनुसार 24 जून के दोहरे भूकंप के बाद वेनेजुएला में करीब 782 आफ्टरशॉक्स दर्ज किए गए। अभी भूकंप प्रभावित क्षेत्रों में मलबे को पूरी तरह से हटाया नहीं जा सका है। त्रासदी यह भी है कि वेनेजुएला दुनिया के सबसे बड़े तेल भंडार वाले देशों में से एक है। लेकिन देश में आए दोहरे भूकंप की वजह से ईंधन का गंभीर संकट खड़ा हो गया है। इसके कारण राहत और बचाव अभियान भी धीमी रफ्तार से चल रहे हैं। भारी मशीनरी चलाने के लिए पेट्रोल नहीं मिल रहा। जनता को अपने रिश्तेदारों और दोस्तों को ढूंढने के लिए अपने हाथों से मलबा हटाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुकुंद