रूस-यूक्रेन में रातभर हमले, सात लोगों की मौत और 21 घायल
मॉस्को/कीव, 11 अगस्त (हि.स.)। रूस और यूक्रेन के बीच रातभर हुए ड्रोन और मिसाइल हमलों में कम से कम सात लोगों की मौत हो गई और 21 अन्य घायल हुए। दोनों देशों के अधिकारियों ने हमलों और उनसे हुए नुकसान की जानकारी दी है।
तुर्किए की सरकारी समाचार एजेंसी अनाडोलू
ने रूसी अधिकारियों के हवाले से बताया कि यूक्रेन ने रातभर बड़े पैमाने पर ड्रोन हमले किए, जबकि यूक्रेन ने रूस पर कई शहरों में मिसाइल और ड्रोन हमले करने का आरोप लगाया।
वोरोनिश क्षेत्र के गवर्नर अलेक्जेंडर गुसेव ने बताया कि ड्रोन के मलबे की चपेट में आने से एक व्यक्ति की मौत हो गई और दो अन्य घायल हुए। नोवोउस्मान्स्की जिले में एक बड़ी कंपनी द्वारा संचालित दो गोदामों में भी आग लग गई।
गुसेव के अनुसार, एक गोदाम में लगी आग करीब 16,000 वर्ग मीटर और दूसरे में करीब 20,000 वर्ग मीटर क्षेत्र में फैल गई। ड्रोन के मलबे से तीन ट्रक और एक कार भी क्षतिग्रस्त हुए। इन गोदामों के रूस की प्रमुख ई-कॉमर्स कंपनी वाइल्डबेरीज के लॉजिस्टिक्स केंद्र होने की बात सामने आई है। कंपनी ने सुरक्षा के लिए अपने केंद्रों को खाली कराया। बाद में उसने बताया कि आग बुझा दी गई है और सामान को ज्यादा नुकसान नहीं हुआ।
वाइल्डबेरीज के मुताबिक, प्रभावित केंद्रों से डिलीवरी कुछ समय के लिए रोक दी गई और सामान को अन्य लॉजिस्टिक्स केंद्रों पर भेजा गया।
ओरेनबर्ग क्षेत्र के गवर्नर येवगेनी सोल्त्सेव ने बताया कि एक औद्योगिक क्षेत्र में यूक्रेनी ड्रोन का मलबा गिरने के बाद आग लग गई। इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
रूसी रक्षा मंत्रालय ने दावा किया कि उसकी वायु रक्षा प्रणालियों ने रूस और क्रीमिया में 396 यूक्रेनी ड्रोन मार गिराए। मंत्रालय ने यह भी दावा किया कि रूसी सेना ने कीव में नोवा पोश्ता टर्मिनल, एक लॉजिस्टिक्स केंद्र और ज़ापोरिज्जिया में एक स्टील प्लांट को निशाना बनाया। रूस का आरोप है कि इन ठिकानों का इस्तेमाल यूक्रेनी सेना की सैन्य आपूर्ति और उपकरणों से जुड़ी गतिविधियों के लिए किया जाता था।
यूक्रेन के ज़ापोरिज्जिया क्षेत्र के गवर्नर इवान फेडोरोव ने बताया कि शहर पर रूसी मिसाइलों और निर्देशित हवाई बमों से बड़ा संयुक्त हमला किया गया। उनके अनुसार, हमले में छह लोगों की मौत और 19 लोग घायल हुए। कहा कि हमले में चार अपार्टमेंट इमारतों और कई गैर-आवासीय परिसरों को नुकसान पहुंचा।
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने दावा किया कि हमले में रूस ने उत्तर कोरियाई बैलिस्टिक मिसाइलों, जिरकॉन मिसाइलों और निर्देशित हवाई बमों का इस्तेमाल किया। उन्होंने कहा कि हमले से नागरिक बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा है।
यूक्रेनी अधिकारियों के अनुसार, कीव में मिसाइल हमले से एक संक्रामक रोग अस्पताल और कई कारोबारी प्रतिष्ठान क्षतिग्रस्त हुए। खेरसॉन और खार्किव में सब-स्टेशनों पर हमलों के बाद बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई। डोनेट्स्क, निप्रॉपेट्रोव्स्क और मायकोलाइव क्षेत्रों में भी रातभर हमले होने की जानकारी दी गई है।
जेलेंस्की ने कहा कि रूस ने यूक्रेन पर 120 से अधिक ड्रोन से हमला किया, जिनमें ज्यादातर ईरान में निर्मित ‘शहेद’ ड्रोन थे। उन्होंने रूस पर युद्ध को और तेज करने की तैयारी करने का आरोप लगाया और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से रूस पर दबाव बढ़ाने की अपील की।
यूक्रेन द्वारा रूस में वाइल्डबेरीज के लॉजिस्टिक्स केंद्रों को निशाना बनाए जाने का अभियान भी तेज हुआ है। यह अभियान जुलाई के मध्य में शुरू हुआ था और अब रूस के कई क्षेत्रों तक फैल चुका है।
18 जुलाई से यूक्रेनी ड्रोन हमलों में वाइल्डबेरीज के 15 से अधिक लॉजिस्टिक्स केंद्रों को निशाना बनाए जाने की जानकारी सामने आई है। इनमें मॉस्को, ताम्बोव, लेनिनग्राद, क्रास्नोडार, वोल्गोग्राड और स्टावरोपोल क्षेत्रों के साथ क्रीमिया के केंद्र भी शामिल बताए गए हैं।
कीव का आरोप है कि वाइल्डबेरीज के कुछ लॉजिस्टिक्स केंद्र रूस की सैन्य आपूर्ति श्रृंखला में भूमिका निभाते हैं। वहीं, मॉस्को और कंपनी का कहना है कि ये केंद्र पूरी तरह नागरिक और वाणिज्यिक इस्तेमाल के लिए हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / अमरेश द्विवेदी