रूस का ट्रांसपोर्ट मंत्रालय बेलारूस और पाकिस्तान को जोड़ने वाले रेल रूट को शुरू करने की योजना बना रहा
मॉस्को, 12 अगस्त (हि.स./रिया नोवोस्ती)। रूस के ट्रांसपोर्ट मंत्रालय ने रिया नोवोस्ती को बताया कि रूस, बेलारूस और पाकिस्तान एक ऐसे रेल रूट पर काम कर रहे हैं जिससे 'इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर' (आईएनएसटीसी) के ज़रिए सामान की ढुलाई हो सकेगी।
मंत्रालय ने कहा, पाकिस्तान के साथ रेल फ्रेट सर्विस शुरू करना 'इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर' को विकसित करने की दिशा में एक कदम है। यह कॉरिडोर दक्षिण एशिया के बाज़ारों तक ज़मीन के रास्ते सीधी पहुँच देता है। अभी इन देशों के रेलवे प्रशासन के बीच इस पर काम चल रहा है।
मंत्रालय ने कहा कि जब पूरे रूट पर इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार हो जाएगा, तब यह सर्विस शुरू हो जाएगी।
रूस और पाकिस्तान रूट, कार्गो की जानकारी, टैरिफ, डिलीवरी का समय और टेस्ट शिपमेंट की योजनाओं जैसी बारीकियों पर काम कर रहे हैं। पाकिस्तान और ट्रांज़िट देशों के साथ सहमति बनते ही इनका शेड्यूल तय कर लिया जाएगा।
मंत्रालय ने कहा कि टेस्ट रूस-पाकिस्तान रूट और बेलारूस-पाकिस्तान रूट, दोनों पर किए जाएँगे।
आईएनएसटीसी 7,200 किलोमीटर लंबा मल्टीमॉडल रूट है जो रूस के सेंट पीटर्सबर्ग को भारत के मुंबई बंदरगाह से जोड़ता है। आईएनएसटीसी के तीन रूट हैं: ट्रांस-कैस्पियन (रेल और समुद्री), और पश्चिमी व पूर्वी (ज़मीनी) रूट।
मई 2023 में, रूस और ईरान ने कॉरिडोर के पश्चिमी रूट के आखिरी रेलवे सेक्शन — ईरान में रश्त-अस्तारा सेक्शन — को पूरा करने के लिए डॉक्यूमेंट्स पर साइन किए। इसकी कुल लागत 1.85 बिलियन डॉलर है, जिसमें से 1.5 बिलियन डॉलर रूस देगा और बाकी ईरान देगा।
---------------------
हिन्दुस्थान समाचार / अमरेश द्विवेदी