अमेरिकी घटनाक्रमों पर है नजर, संयुक्त बयान में पुनर्संतुलन का प्रावधान: गोयल

 




नई दिल्ली, 27 फरवरी (हि.स)। केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को कहा कि भारत, अमेरिका में हाल में आए वहां के सु्प्रीम कोर्ट के फैसले के बाद स्थिति पर नजर बनाए हुए है। उन्होंने कहा कि भारत-अमेरिका के बीच प्रस्तावित अंतरिम व्यापार समझौते (आईटीए) में यह प्रावधान है कि परिस्थितियों के बदलने पर समझौते को संतुलित किया जा सकता है।

केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री का यह बयान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा सभी व्यापारिक साझेदारों पर 150 दिन के लिए 10 फीसदी अस्थायी आयात शुल्क लगाए जाने के बाद आया है। पीयूष गोयल ने कहा कि दूध और डेयरी उत्पाद, सोयाबीन मील, मुर्गी पालन, जीन संबंधी खाद्य, चावल, गेहूं और मक्का जैसे सभी संवेदनशील क्षेत्रों की पूरी सुरक्षा की गई है।

गोयल ने यहां एक कार्यक्रम में यह बात कही। वाणिज्य मंत्री से जब पूछा गया कि उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद क्या भारत की बातचीत की स्थिति बदल जाएगी, उन्होंने कहा, ‘‘हमें देखना होगा। वैसे आपने अमेरिका के साथ हमारा साझा बयान तो पढ़ा ही होगा। उसमें साफ तौर पर कहा गया है कि अगर परिस्थितियां बदलती हैं, तो समझौते को दोबारा संतुलित किया जाएगा, ताकि दोनों पक्षों के हित सुरक्षित रहें।’’

भारत-अमेरिका के बीच प्रस्तावित अंतरिम व्यापार समझौते के संयुक्त घोषणा में कहा गया था कि अगर किसी भी देश द्वारा तय किए गए आयात शुल्क में बदलाव होता है, तो दूसरा देश अपने समझौते के नियमों में बदलाव कर सकता है। इस बयान का हवाला देते हुए गोयल ने कहा, ‘इसका मतलब है कि यह समझौता दोनों पक्षों के लिए समान रूप से सुरक्षित और मान्य है।’

उल्लेखनीय है कि अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप प्रशासन के अप्रैल 2025 के सभी आयातों पर जबावी शुल्क लगाने के फैसले को रद्द कर दिया है। इसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने 24 फरवरी से 10 फीसदी का यह अस्थायी शुल्क लागू किया है, जिसको ट्रंप ने 24 फरवरी को इन शुल्कों को बढ़ाकर 15 फीसदी कर दिया था।

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हिन्दुस्थान समाचार / प्रजेश शंकर