श्री टीएनबी पॉलिमर्स की शेयर बाजार में प्रीमियम लिस्टिंग, लोअर सर्किट के बावजूद मुनाफे में आईपीओ निवेशक

 


नई दिल्ली, 08 अक्टूबर (हि.स.)। हाई क्वालिटी प्लास्टिक पाइपिंग सिस्टम का निर्माण करने वाली पॉलिमर सेक्टर की कंपनी श्री टीएनबी पॉलिमर्स लिमिटेड के शेयरों ने आज स्टॉक मार्केट में बढ़त के साथ एंट्री की। आईपीओ के तहत कंपनी के शेयर 53 रुपये के भाव पर जारी किए गए थे। आज बीएसई के एसएमई प्लेटफॉर्म पर इसकी लिस्टिंग 13.21 प्रतिशत प्रीमियम के साथ 60 रुपये के स्तर पर हुई।

मजबूत लिस्टिंग के बाद मुनाफा वसूली शुरू हो गई, जिसके कारण इस शेयर की चाल में गिरावट आ गई। लगातार हो रही बिकवाली के कारण कुछ देर में ही ये शेयर लुढ़क कर 57 रुपये के लोअर सर्किट लेवल पर पहुंच गया। इस तरह पहले दिन के कारोबार में ही लोअर सर्किट लग जाने के बावजूद कंपनी के आईपीओ निवेशक प्रति शेयर चार रुपये यानी 7.55 प्रतिशत के फायदे में रहे।

कंपनी का 31.80 करोड़ रुपये का आईपीओ 28 सितंबर से पांच अक्टूबर के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों की ओर से एवरेज रिस्पॉन्स मिला था, जिसके कारण ये ओवरऑल 1.69 गुना सब्सक्राइब हो सका था। इनमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (क्यूआईबी) के लिए रिजर्व पोर्शन 1.39 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इसी तरह नॉन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (एनआईआई) के लिए रिजर्व पोर्शन में 2.96 गुना सब्सक्रिप्शन आया था। जबकि रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व पोर्शन 1.65 गुना सब्सक्राइब हो सका था।

इस आईपीओ के तहत 10 रुपये फेस वैल्यू वाले कुल 60 लाख नए शेयर जारी किए गए हैं। आईपीओ के जरिये जुटाए गए पैसे का इस्तेमाल कंपनी नई मशीनरी की खरीदारी करने, रूफ टॉप सोलर पैनल की खरीदारी और उनका इंस्टॉलेशन कराने, वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने, आईपीओ से जुड़े खर्चों की भरपाई करने और आम कॉरपोरेट उद्देश्यों में करेगी।

श्री टीएनबी पॉलिमर्स की वित्तीय स्थिति की बात करें तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (आरएचपी) में किए गए दावे के मुताबिक इसकी वित्तीय सेहत उतार-चढ़ाव होने के बावजूद मजबूत बनी हुई है। वित्त वर्ष 2023-24 में कंपनी को 5.03 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2024-25 में बढ़ कर 5.77 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी को 7.13 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था।

इस दौरान कंपनी की राजस्व प्राप्ति में बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2023-24 में इसे 207.97 करोड़ रुपये का कुल राजस्व प्राप्त हुआ, जो वित्त वर्ष 2024-25 में घट कर 175.70 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी को 198.31 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ था। इस अवधि में कंपनी के नेटवर्थ में बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2023-24 में ये 34.21 करोड़ रुपये के स्तर पर था। इसी तरह 2024-25 में कंपनी का नेटवर्थ बढ़ कर 48.55 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में ये उछल कर 55.68 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया।

कंपनी के रिजर्व और सरप्लस की बात करें, तो इस अवधि में कंपनी इस मोर्चे पर कंपनी को लगातार सफलता मिलती रही। वित्त वर्ष 2023-24 में ये 25.26 करोड़ रुपये के स्तर पर था। इसी तरह 2024-25 में कंपनी का रिजर्व और सरप्लस बढ़ कर 38.32 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का रिजर्व और सरप्लस उछल कर 40.34 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया।

इसी तरह ईबीआईटीडीए (अर्निंग बिफोर इंट्रेस्ट, टैक्सेज, डिप्रेशिएशंस एंड एमॉर्टाइजेशन) 2023-24 में 15.22 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2024-25 में बढ़ कर 15.47 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। पिछले वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का ईबीआईटीडीए उछल कर 19.20 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया।

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हिन्दुस्थान समाचार / योगिता पाठक