वाराणसी : कामधेनु अपार्टमेंट के सामने ठेलों का कब्जा, रोजाना जाम से जूझ रहे राहगीर
लंका क्षेत्र में मुख्य सड़क पर दर्जनों ठेले लगाकर कपड़ों की बिक्री, कार्रवाई होते ही गलियों में खिसक जाते हैं दुकानदार
वाराणसी। लंका थाना क्षेत्र में कामधेनु अपार्टमेंट के सामने मुख्य सड़क पर अतिक्रमण के कारण यातायात व्यवस्था लगातार प्रभावित हो रही है। सड़क के किनारे दर्जनों ठेले लगाकर कपड़ों की बिक्री किए जाने से मार्ग का काफी हिस्सा घिर जाता है। ठेलों पर खरीदारी के लिए आने वाले ग्राहकों के वाहन भी सड़क किनारे खड़े हो जाते हैं, जिससे व्यस्त मार्ग पर आए दिन जाम की स्थिति बन रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि लंबे समय से बनी इस समस्या के बावजूद स्थायी समाधान नहीं हो सका है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, सुबह से देर शाम तक सड़क किनारे ठेलों पर कपड़ों की बिक्री होती है। एक ही परिवार के कई सदस्य अलग-अलग ठेले लगाकर कारोबार करते हैं। ग्राहकों की भीड़ बढ़ने पर सड़क का उपलब्ध हिस्सा और कम हो जाता है। इसके चलते दोपहिया और चारपहिया वाहनों के साथ पैदल राहगीरों को भी आवागमन में परेशानी होती है। व्यस्त समय में वाहनों का दबाव बढ़ने पर यहां जाम लग जाता है।

कार्रवाई के दौरान गलियों में पहुंच जाते हैं ठेले
स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस या नगर निगम की टीम अतिक्रमण हटाने के लिए पहुंचती है तो ठेला संचालक अपने ठेले लेकर आसपास की गलियों में चले जाते हैं। टीम के लौटते ही फिर से ठेले मुख्य सड़क पर लगा दिए जाते हैं। लोगों का कहना है कि इस कारण अभियान के दौरान कुछ समय के लिए स्थिति सुधरती है, लेकिन बाद में पहले जैसी स्थिति बन जाती है।
स्थानीय निवासियों के मुताबिक, सड़क किनारे लगातार ठेले लगने और ग्राहकों के वाहन खड़े होने से यातायात का दबाव बढ़ता जा रहा है। कई बार वाहनों की कतार लगने से पैदल चलने वालों के लिए भी पर्याप्त जगह नहीं बचती।
अभियान के बावजूद नहीं बदली स्थिति
पुलिस कमिश्नर की ओर से शहर में अतिक्रमण और यातायात व्यवस्था को लेकर अभियान चलाए जा रहे हैं। मुख्य मार्गों को अतिक्रमण मुक्त कराने और यातायात सुचारू रखने के निर्देश भी दिए जा रहे हैं। इसके बावजूद कामधेनु अपार्टमेंट के सामने सड़क पर ठेलों का जमावड़ा बना हुआ है।
स्थानीय लोगों ने मांग की है कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को केवल अभियान तक सीमित न रखकर नियमित निगरानी की जाए। साथ ही ठेले दोबारा सड़क पर न लगें, इसके लिए स्थायी व्यवस्था की जाए। लोगों का कहना है कि नियमित पुलिस निगरानी और सड़क किनारे अव्यवस्थित पार्किंग पर नियंत्रण से जाम की समस्या काफी हद तक कम हो सकती है।

