वाराणसी : हरिहरपुर में डॉ. रत्नप्पा कुम्हार के नाम पर बना स्मृति द्वार, मंत्री अनिल राजभर ने किया उद्घाटन
वाराणसी। देश के नवयुवक ही देश के कर्णधार हैं। युवाओं के कंधों पर राष्ट्र के भविष्य की जिम्मेदारी है। उन्हें देश के निर्माण में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभानी चाहिए। यह बातें प्रदेश सरकार के श्रम एवं सेवायोजन समन्वय मंत्री अनिल राजभर ने रविवार को हरहुआ के हरिहरपुर में आयोजित स्मृति द्वार उद्घाटन समारोह में कहीं।
प्रजापति स्वाभिमान एकता मंच की ओर से आयोजित कार्यक्रम में मंत्री ने डॉ. रत्नप्पा भरमप्पा कुम्हार की स्मृति में नवनिर्मित विशाल स्मृति द्वार का उद्घाटन किया। यह द्वार हरहुआ रिंग रोड पर हरिहरपुर चौराहे के समीप बनाया गया है।

महापुरुषों के विचारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना जरूरी
समारोह को संबोधित करते हुए अनिल राजभर ने कहा कि डॉ. रत्नप्पा भरमप्पा कुम्हार जैसे महापुरुषों का जीवन समाज और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत है। उनके योगदान, संघर्ष और विचारों से युवाओं को सीख लेनी चाहिए। ऐसे महापुरुषों की स्मृतियों को संजोकर रखना और उनके आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भागीदारी महत्वपूर्ण है। युवा अपनी ऊर्जा और प्रतिभा का उपयोग समाज के विकास तथा देश की प्रगति के लिए करें।
जनसहयोग से कराया गया स्मृति द्वार का निर्माण
डॉ. रत्नप्पा भरमप्पा कुम्हार की स्मृति में निर्मित इस द्वार के निर्माण में कैबिनेट मंत्री अनिल राजभर के साथ पार्षद अभय प्रजापति, जिला पंचायत सदस्य राम आसरे प्रजापति और अरविंद प्रजापति का सहयोग रहा। कार्यक्रम में हमीरपुर सदर विधायक डॉ. मनोज प्रजापति सहित विभिन्न वक्ताओं ने डॉ. कुम्हार के सामाजिक एवं राष्ट्रीय योगदान को याद किया। वक्ताओं ने उनके आदर्शों को अपनाने और समाज में एकता तथा जागरूकता बढ़ाने का आह्वान किया।
समारोह में अशोक प्रजापति, डॉ. ओमप्रकाश प्रजापति, डॉ. सुशील प्रजापति, डॉ. हाशमी, पूर्व प्रधान जवाहरलाल प्रजापति और शर्मिला इंटरमीडिएट कॉलेज के प्रबंधक प्यारेलाल प्रजापति सहित क्षेत्र के गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्रीय नागरिक और समाज के लोग शामिल हुए।

