नवनीता कुंवर पब्लिक स्कूल के समर कैंप का शानदार समापन, बच्चों ने प्रतिभा से जीता सभी का दिल

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वाराणसी। नवनीता कुंवर पब्लिक स्कूल में आयोजित ग्रीष्मकालीन शिविर (समर कैंप) का बुधवार को भव्य एवं रंगारंग समापन समारोह के साथ समापन हुआ। लगभग तीन सप्ताह तक चले इस शिविर में बच्चों ने खेल, कला, संस्कृति और व्यक्तित्व विकास से जुड़ी विभिन्न गतिविधियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। 18 मई से प्रारंभ होकर 10 जून तक संचालित इस शिविर में विद्यालय के 45 विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया और विभिन्न विधाओं में प्रशिक्षण प्राप्त कर अपनी प्रतिभा को निखारा।

समापन समारोह में विद्यालय के प्रबंधक राजेश राय, उपाध्यक्ष प्रवीण राय एवं प्रधानाचार्य डॉ. दिवाकर राय मुख्य रूप से उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने शिविर में सीखे गए कौशलों का प्रभावशाली प्रदर्शन कर अभिभावकों और अतिथियों को मंत्रमुग्ध कर दिया। विद्यार्थियों ने खो-खो, कबड्डी, कराटे, योग, स्केटिंग, नृत्य, संगीत, पेंटिंग तथा क्राफ्ट जैसी गतिविधियों में अपनी दक्षता का परिचय दिया।

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शिविर का संचालन एवं प्रशिक्षण मुख्य प्रशिक्षक मृत्युंजय शर्मा के निर्देशन में किया गया। उनके मार्गदर्शन में बच्चों ने न केवल नई गतिविधियां सीखीं, बल्कि आत्मविश्वास, अनुशासन और टीम भावना का भी विकास किया।

समापन समारोह में विभिन्न प्रतियोगिताओं और गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। संगीत एवं नृत्य वर्ग में कनिष्का पांडेय, स्केटिंग में कृति पटेल, क्ले वर्क में प्रांजल, कराटे में कनिका पांडेय, नृत्य में ऋषिका एवं शांभवी तथा योग में शान्वी नंदन को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए पुरस्कार प्रदान किए गए।

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कार्यक्रम के दौरान शिविर में भाग लेने वाले सभी 45 विद्यार्थियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। साथ ही विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले बच्चों को विशेष पुरस्कार देकर उनका उत्साहवर्धन किया गया। पुरस्कार प्राप्त करने वाले बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे और अभिभावकों ने भी उनकी उपलब्धियों पर गर्व व्यक्त किया।

प्रधानाचार्य डॉ. दिवाकर राय ने कहा कि ग्रीष्मकालीन शिविर बच्चों के सर्वांगीण विकास का प्रभावी माध्यम हैं। ऐसे आयोजनों से बच्चों में शारीरिक एवं मानसिक विकास के साथ-साथ सामाजिक समरसता, नेतृत्व क्षमता और रचनात्मक सोच का विकास होता है। उन्होंने कहा कि खेल-खेल में सीखने की यह प्रक्रिया बच्चों को तनावमुक्त वातावरण प्रदान करती है और उन्हें जीवन के लिए महत्वपूर्ण कौशल सिखाती है।

समारोह के अंत में अभिभावकों ने विद्यालय के सकारात्मक शैक्षणिक वातावरण, अनुशासित व्यवस्था और विविध गतिविधियों की सराहना की। कार्यक्रम का संचालन मृत्युंजय शर्मा ने किया तथा राष्ट्रगान के साथ समारोह का समापन हुआ।

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