नवरात्र में शक्ति की आराधना के साथ वीरांगना लक्ष्मीबाई को किया नमन, सैकड़ों दीप जलाकर काशी की वीर बेटी के त्याग और बलिदान को किया याद

123
WhatsApp Channel Join Now

वाराणसी। शारदीय नवरात्र के पावन अवसर पर काशी में मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की आराधना के साथ देश की स्वतंत्रता के लिए संघर्ष करने वाली वीरांगना महारानी लक्ष्मीबाई को भी श्रद्धापूर्वक नमन किया गया। भदैनी स्थित उनकी जन्मस्थली पर रविवार को जागृति फाउंडेशन के तत्वावधान में विशेष पूजन समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजन-अर्चन हुआ और सैकड़ों दीप प्रज्ज्वलित कर वीरांगना के अदम्य साहस, त्याग, बलिदान और राष्ट्रभक्ति को याद किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ समाजसेवी अजय मिश्रा, उनकी पत्नी प्रेमलता मिश्रा और जागृति फाउंडेशन के महासचिव रामयश मिश्रा ने महारानी लक्ष्मीबाई के चित्र पर माल्यार्पण कर किया। इसके बाद ब्रह्मा वेद विद्यालय के बटुकों ने वैदिक मंत्रों का उच्चारण किया। उपस्थित लोगों ने वीरांगना को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए उनके जीवन और संघर्षों से प्रेरणा लेने का संकल्प लिया।

123

दीपों से रोशन हुई वीरांगना की जन्मस्थली
नवरात्र के अवसर पर आयोजित दीपोत्सव समारोह आकर्षण का केंद्र रहा। जन्मस्थली परिसर में सैकड़ों दीप जलाकर महारानी लक्ष्मीबाई को श्रद्धांजलि दी गई। दीपों की रोशनी के बीच लोगों ने काशी की इस वीर बेटी के संघर्ष, त्याग और मातृभूमि के प्रति समर्पण को याद किया। आयोजकों ने कहा कि महारानी लक्ष्मीबाई का जीवन केवल इतिहास का हिस्सा नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए साहस और राष्ट्रप्रेम की प्रेरणा है।

नारी शक्ति और राष्ट्रभक्ति की प्रतीक हैं लक्ष्मीबाई
समाजसेवी अजय मिश्रा ने कहा कि नवरात्र शक्ति की उपासना का पर्व है। ऐसे अवसर पर महारानी लक्ष्मीबाई के संघर्ष और बलिदान को याद करना नारी शक्ति के प्रति सम्मान व्यक्त करने का माध्यम है। उन्होंने अन्याय के विरुद्ध संघर्ष करते हुए देश के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। उनका साहस और राष्ट्र के प्रति समर्पण सदैव लोगों को प्रेरित करता रहेगा।

123

समाजसेवी प्रेमलता मिश्रा ने कहा कि महारानी लक्ष्मीबाई काशी की बेटी थीं। उन्होंने अंग्रेजों के विरुद्ध संघर्ष कर मातृभूमि की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान दिया। उनकी वीरता और राष्ट्रभक्ति भारतीय इतिहास में सदैव अमर रहेंगी। उन्होंने कहा कि नवरात्र में शक्ति की आराधना के साथ वीरांगना को याद करना काशीवासियों के लिए गर्व का विषय है।

नई पीढ़ी को वीरांगना के जीवन से परिचित कराने की पहल
कार्यक्रम के संयोजक एवं संचालक जागृति फाउंडेशन के महासचिव रामयश मिश्रा ने कहा कि महारानी लक्ष्मीबाई का जीवन भारतीय संस्कृति, नारी शक्ति और राष्ट्रप्रेम का प्रतीक है। उनके संघर्ष और बलिदान को याद करना समाज के लिए गौरव की बात है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को देश के वीर सपूतों और वीरांगनाओं के योगदान से परिचित कराने का प्रयास किया जा रहा है।

कार्यक्रम के अंत में हरिनाथ गौड़ ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर नर्मदा गौड़, संजय मिश्रा, अमित मालवीय सहित ब्रह्मा वेद विद्यालय के दर्जनों बटुक मौजूद रहे। समारोह में भक्ति, श्रद्धा और राष्ट्रप्रेम का संगम देखने को मिला।

BK Pathak
BK Pathak

21247 Articles

Beerkeshwar Pathak Journalist Beerkeshwar Pathak, who entered the field of journalism in 2015, has nearly a decade of experience in print and digital media. He holds a postgraduate diploma in journalism and has established his reputation through reporting at prestigious media outlets like Amar Ujala, Hindustan, and Dainik Jagran. He has a special interest and expertise in reporting on political and social issues, news analysis, and editing, along with eventful news. He currently serves as an editor at Live VNS, a leading digital news platform in Varanasi. In this role, he is contributing to reshaping digital journalism and delivering important information to readers through factual and reliable news. Factual investigation of news and effective editing are key aspects of his journalism.

Share this story