जापान से लौटे वाराणसी के किसान, आधुनिक जैविक खेती के गुर सीखे, अनुभव करेंगे साझा
वाराणसी। काशी विद्यापीठ एवं चिरईगांव विकास खंड से नौ दिवसीय अध्ययन यात्रा पर जापान गए नौ सदस्यीय किसान दल गुरुवार को सकुशल वापस लौट आया। किसानों के लौटने पर उनके परिजनों और स्थानीय लोगों में उत्साह का माहौल रहा।
किसान दल के सदस्य एवं मुस्तफाबाद निवासी आशीष सिंह ने बताया कि सभी किसान गुरुवार अपराह्न लगभग तीन बजे लाल बहादुर शास्त्री अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, बाबतपुर पहुंचे, जहां से वे अपने-अपने गांवों के लिए रवाना हो गए।
उन्होंने बताया कि जापान प्रवास के दौरान किसानों ने वहां की उन्नत एवं टिकाऊ कृषि प्रणालियों का गहन अध्ययन किया। दल ने जैविक खेती, प्राकृतिक खेती तथा स्थानीय संसाधनों से तैयार किए जाने वाले जैविक उर्वरकों और कीटनाशकों के उपयोग को खेतों में जाकर देखा और समझा। इसके अलावा किसानों ने स्ट्रॉबेरी, टमाटर सहित अन्य फसलों की अत्याधुनिक जैविक खेती के मॉडल का भी अवलोकन किया।
जापान यात्रा के दौरान किसान दल ने वहां स्थित भारतीय दूतावास का भी दौरा किया और भारत की राजदूत नगमा मोहम्मद मलिक से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान किसानों ने कृषि क्षेत्र में नवाचार और भारत-जापान सहयोग से जुड़े विषयों पर चर्चा की।
किसानों ने कहा कि जापान में प्राप्त अनुभवों और तकनीकी जानकारियों को वे अपने क्षेत्र के किसानों के साथ साझा करेंगे, जिससे स्थानीय स्तर पर आधुनिक और टिकाऊ कृषि पद्धतियों को बढ़ावा मिल सके।

