तेज बारिश के बीच छाता लगाकर सड़क पर उतरे नगर आयुक्त, जलभराव वाले इलाकों का किया निरीक्षण, दिए निर्देश 

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वाराणसी। लगातार हो रही बारिश के बीच शहर में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए नगर निगम ने सतर्कता बढ़ा दी है। शुक्रवार को नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल स्वयं छाता लेकर सड़क पर उतरे और आंध्रापुल सहित शहर के विभिन्न संवेदनशील क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने जल निकासी व्यवस्था, नालियों और गली पिट की स्थिति का जायजा लेते हुए अधिकारियों को तत्काल प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान नगर आयुक्त ने नालियों और जल निकासी मार्गों में कहीं भी कचरा, प्लास्टिक या अन्य अवरोध न रहने देने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने कहा कि मानसून के दौरान जलभराव रोकना नगर निगम की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए सभी संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को पूरी मुस्तैदी के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि जल निकासी व्यवस्था की लगातार निगरानी की जाए और जहां भी अवरोध मिले, उसे तुरंत हटाकर पानी का निर्बाध प्रवाह सुनिश्चित किया जाए।

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नगर आयुक्त ने चेतावनी दी कि तेज बारिश के दौरान शहर में किसी भी स्थान पर जलभराव की स्थिति स्वीकार्य नहीं होगी। यदि लापरवाही पाई गई तो संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी टीमों को संवेदनशील क्षेत्रों पर विशेष निगरानी रखने और किसी भी शिकायत का त्वरित समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान हिमांशु नागपाल ने स्थानीय दुकानदारों और नागरिकों से भी संवाद किया। उन्होंने लोगों से अपील की कि नालियों के ऊपर पटिया, लोहे के स्लैब या अन्य किसी प्रकार का अतिक्रमण न करें, क्योंकि इससे सफाई कार्य और जल निकासी प्रभावित होती है। साथ ही दुकानदारों से कचरा सड़क या नालियों में फेंकने के बजाय निर्धारित डस्टबिन का ही उपयोग करने का आग्रह किया।

नगर आयुक्त ने कहा कि स्वच्छ और जलभराव मुक्त वाराणसी का लक्ष्य केवल नगर निगम के प्रयासों से नहीं, बल्कि नागरिकों के सहयोग से ही पूरा किया जा सकता है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि नगर निगम की टीमें 24 घंटे संवेदनशील क्षेत्रों पर नजर बनाए हुए हैं और जलभराव या सफाई संबंधी किसी भी शिकायत पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी, ताकि बारिश के दौरान आमजन को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।

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