पुरुषोत्तम मास के समापन पर सेवा और श्रद्धा का संगम, आयुष मंत्री ने वितरित किए फल, शरबत और प्रसाद
वाराणसी। पुरुषोत्तम मास के समापन अवसर पर धार्मिक आस्था, सेवा और जनकल्याण का सुंदर संगम देखने को मिला। प्रदेश सरकार के आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने गुरुवार को गोदौलिया चौराहे पर श्रद्धालुओं के बीच निःशुल्क फल एवं शरबत का वितरण किया। इसके बाद उन्होंने चौखंबा स्थित प्राचीन षष्ठ पीठ गोपाल मंदिर में आयोजित प्रसाद वितरण कार्यक्रम में भाग लेकर श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे और धार्मिक वातावरण में सेवा कार्यों का लाभ उठाया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने कहा कि पुरुषोत्तम मास भारतीय सनातन परंपरा में विशेष महत्व रखता है। यह केवल पूजा-अर्चना का समय नहीं, बल्कि सेवा, भक्ति, आत्मचिंतन और लोककल्याण की भावना को सशक्त बनाने का अवसर भी है।

उन्होंने कहा कि धर्म और सेवा एक-दूसरे के पूरक हैं। जब समाज सेवा, परोपकार और संस्कारों के मार्ग पर आगे बढ़ता है, तब सामाजिक समरसता और राष्ट्रीय एकता को मजबूती मिलती है। उन्होंने कहा कि काशी की पवित्र भूमि सदियों से भक्ति, आध्यात्मिकता और सेवा की परंपरा का केंद्र रही है तथा यहां से मिलने वाली प्रेरणा पूरे देश को दिशा प्रदान करती है।
आयुष मंत्री ने लोगों से योग और आयुर्वेद को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य दोनों आवश्यक हैं तथा योग और आयुर्वेद इसके प्रभावी साधन हैं।
कार्यक्रम के दौरान षष्ठ पीठाधीश्वर श्री श्याम मनोहर जी महाराज तथा षष्ठ पीठ युवराज श्री प्रियंदू बावा ने अधिक मास में आयोजित विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों, मनोरथों और श्रीमद्भागवत कथा सप्ताह की सफलता में वैष्णव समाज की सक्रिय भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि समाज के लोगों ने सेवा, समर्पण और धार्मिक निष्ठा का अनुकरणीय परिचय दिया है।
डॉ. दयाशंकर मिश्र ने गोपाल मंदिर प्रबंधन एवं वैष्णव समाज द्वारा किए जा रहे जनसेवा और धार्मिक कार्यों की प्रशंसा करते हुए कहा कि सरकार धार्मिक एवं सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण और संवर्धन के लिए निरंतर कार्य कर रही है। कार्यक्रम में पार्षद संजय विश्वंभरी, गौरव राठी, कन्हैया लोहिया, उमेश जोगई, सर्वेश वर्मा, जितेंद्र कुशवाहा, मनोज कपूर, अरुण पारिख, प्रमोद राय, मधुसूदन दास, अतुल शाह, सौरभ राय सहित अनेक गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

