वाराणसी : पेंटर सोनू यादव की मौत की गुत्थी सुलझाने के करीब पहुंची पुलिस, घटना का खुलासा जल्द
वाराणसी। लंका थाना क्षेत्र के नगवां स्थित संत रविदास पार्क इलाके में पेंटर सोनू यादव की संदिग्ध परिस्थितियों में गोली लगने से हुई मौत के मामले में पुलिस जांच निर्णायक मोड़ पर पहुंच गई है। कई दिनों से हत्या और आत्महत्या के बीच उलझे इस प्रकरण में पुलिस को अहम सुराग हाथ लगे हैं। सूत्रों की मानें तो जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस जल्द ही पूरे मामले का आधिकारिक खुलासा कर सकती है।
सोनू यादव संत रविदास पार्क स्थित आदित्य कुमार सिंह के मकान में पेंटिंग का कार्य कर रहा था। इसी दौरान उसका शव मकान के एक कमरे में मिला था। मृतक के हाथ में पिस्टल मिलने और गोली लगने की स्थिति ने घटना को शुरू से ही संदिग्ध बना दिया। सूचना पर लंका पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची थी। टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर कई महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए थे।
घटना के बाद मृतक के पिता बाबूलाल यादव ने बेटे की हत्या किए जाने का आरोप लगाया था। उनकी तहरीर पर लंका थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने हत्या, आत्महत्या और दुर्घटना सहित सभी संभावित पहलुओं पर जांच शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए तकनीकी और फॉरेंसिक साक्ष्यों को जांच का आधार बनाया गया।
पुलिस ने सोनू यादव के मोबाइल कॉल डिटेल, घटनास्थल से मिले साक्ष्य, फॉरेंसिक रिपोर्ट और मौके पर मौजूद लोगों के बयान जुटाए। जांच के दौरान उस कमरे में मौजूद कुछ युवकों की भूमिका संदिग्ध पाई गई, जहां सोनू का शव मिला था। सूत्रों के अनुसार पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों से पुलिस को यह संकेत मिले हैं कि घटना के समय कमरे में मौजूद युवकों का मामले से सीधा संबंध था।
जांच में यह बात भी सामने आई है कि पिस्टल को देखने या उसकी जांच करने के दौरान अचानक गोली चलने की आशंका है। गोली सोनू यादव को लगी, जिससे उसकी मौत हो गई। हालांकि पुलिस अभी आधिकारिक रूप से किसी निष्कर्ष की घोषणा नहीं कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि सभी तथ्यों को अंतिम रूप से परखा जा रहा है।
प्रभारी निरीक्षक लंका राजकुमार ने बताया कि मामले की जांच लगभग पूरी हो चुकी है। उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर पुलिस निष्कर्ष तक पहुंच गई है। उन्होंने कहा कि जल्द ही पूरे घटनाक्रम का राजफाश किया जाएगा। पुलिस के खुलासे के बाद यह साफ हो सकेगा कि सोनू यादव की मौत हत्या थी, आत्महत्या या फिर लापरवाही से हुआ हादसा।

